राजस्थान में सरकारी स्कूल की स्थिति को लेकर अभियान चला रही कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के सह-संयोजक आशुतोष रांका पर हुए हमले के बाद उनकी एक वीडियो कॉल बातचीत सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। रांका और अभिजीत दीपके के बीच हुई बातचीत में दोनों ने हमले के बाद मिले मीडिया कवरेज का जिक्र किया। रांका ने कहा कि अगर उनके साथ मारपीट नहीं हुई होती तो स्कूल से जुड़ा मुद्दा सीमित कवरेज तक रह सकता था।
यह घटना जयपुर से करीब 40 किलोमीटर दूर रामपुरा-कंवरपुरा में हुई थी। सीजेपी की टीम यहां एक सरकारी स्कूल की स्थिति देखने पहुंची थी। टीम के मुताबिक, स्कूल की इमारत जर्जर होने के बाद बच्चे कथित तौर पर भैंसों के तबेले में पढ़ाई कर रहे हैं। टीम के गांव में पहुंचने के बाद विरोध हुआ और बाद में रांका भी मौके पर पहुंचे, जहां उन पर और उनके साथियों पर हमला किया गया।
पथराव और मारपीट का भी आरोप
घटना के दौरान भीड़ द्वारा रांका और उनके साथियों को पीटने तथा वाहनों पर पथराव किए जाने की बात सामने आई। संदर्भ सामग्री के मुताबिक, कुछ सदस्य घायल भी हुए। रांका के सिर पर भी कई बार मुक्के से वार किए जाने का दावा किया गया।
हमले के बाद रांका ने भारतीय जनता पार्टी पर आरोप लगाया और कहा था कि यदि 48 घंटे के भीतर सभी हमलावर गिरफ्तार नहीं किए गए तो आंदोलन शुरू किया जाएगा। सीजेपी की ओर से राजस्थान के शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर आंदोलन की चेतावनी भी दी गई।
CJP वालों ने पहले तो स्कूल निरीक्षण के नाम पर भैंसों का अपमान किया अब यह दोनों ना जाने किस को “गधा” बोलकर पूरे गधे नस्ल का अपमान किया है।
— Vivek Shrivastava (@Viveksbarmeri) August 23, 2026
अरे भाई साहब “गधा” एक शांत जानवर है वो किसी को नहीं छेड़ रहा…किसी को कोई नुकसान नहीं कर रहा और तो और उसपर कभी भी कितना भी वजन डालो पहुँचा… pic.twitter.com/0M73PKhHdX
वीडियो कॉल में हमले के 'फायदे' की चर्चा
इसी बीच रांका और अभिजीत दीपके की वीडियो कॉल का एक हिस्सा सामने आया है। बातचीत में रांका ने कहा कि घटना के कारण उनके अभियान को अपेक्षा से अधिक मीडिया कवरेज मिला।
रांका के मुताबिक, अगर वह और उनकी टीम स्कूल का दौरा करके लौटती तो संभवतः कुछ समाचार माध्यमों में खबर आती और मामला वहीं तक सीमित रह जाता। उन्होंने कहा कि हमले के बाद लगभग हर न्यूज चैनल ने घटना को कवर किया।
दीपके ने भी इसी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि सामान्य स्थिति में स्कूल से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर कुछ हजार रीट्वीट और हजारों लाइक्स तक सीमित रह सकता था, लेकिन हमले के कारण मामला राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आ गया।
रांका ने इंटरनेशनल मीडिया कवरेज का भी किया जिक्र
बातचीत के दौरान रांका ने यह भी दावा किया कि घटना को अंतरराष्ट्रीय मीडिया के कुछ चैनलों ने कवर किया। उन्होंने एक रिपोर्ट का जिक्र करते हुए राजस्थान में स्कूल की स्थिति से संबंधित अंतरराष्ट्रीय कवरेज की बात कही।
दीपके ने बातचीत में कहा कि हमले में शामिल लोगों के व्यवहार की वजह से यह मामला और ज्यादा चर्चा में आया। दोनों की बातचीत में हमलावरों के लिए आपत्तिजनक शब्दों का भी इस्तेमाल किया गया।
इस पूरी बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और हमले के बाद सीजेपी के स्कूल अभियान को मिले मीडिया ध्यान को लेकर दोनों की चर्चा अब लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है।













