
भारतीय विज्ञापन उद्योग के प्रसिद्ध एड गुरु पीयूष पांडे ने आज शुक्रवार (24 अक्टूबर) को दुनिया को अलविदा कह दिया। उन्होंने मुंबई में अंतिम सांस ली। वे 70 साल के थे। पीयूष के भाई प्रसून पांडे मशहूर डायरेक्टर और बहन ईला अरुण सिंगर हैं। भारत सरकार ने उन्हें साल 2016 में पद्मश्री पुरस्कार से भी सम्मानित किया था। एड एक्सपर्ट सुहैल सेठ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (ट्विटर) पर उनके निधन की जानकारी शेयर की। सुहैल ने लिखा, “मेरे सबसे प्यारे दोस्त पीयूष पांडे जैसे प्रतिभाशाली व्यक्ति के निधन से मैं बेहद दुखी और स्तब्ध हूं।
भारत ने एक महान विज्ञापन जगत की हस्ती नहीं, बल्कि एक सच्चे देशभक्त और एक बेहतरीन सज्जन को खोया है। अब जन्नत में भी गूंजेगा 'मिले सुर मेरा तुम्हारा'।” अभी उनकी मौत का कारण सामने नहीं आया है। पीयूष की पहचान विज्ञापन को आम लोगों के लिए लोकप्रिय बनाने की रही है। उन्होंने कई मशहूर विज्ञापन कैंपेन बनाए, जिनमें सबसे मशहूर है “अबकी बार, मोदी सरकार।” इसके अलावा उन्होंने “मिले सुर मेरा तुम्हारा” जैसे गीत भी लिखे थे।
पीयूष का जन्म साल 1955 में राजस्थान में हुआ था। उनके पिता एक बैंक में काम करते थे। पीयूष ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जयपुर में की और बाद में क्रिकेट खेला। वे राजस्थान की रणजी टीम के लिए भी खेल चुके थे। बाद में उन्होंने विज्ञापन जगत की ओर रुख किया। साल 1982 में ओगिल्वी एंड माथर इंडिया के साथ करिअर की शुरुआत की। पीयूष ने एशियन पेंट्स का "हर खुशी में रंग लाए", कैडबरी का "कुछ खास है" और फेविकोल की मशहूर "एग" फिल्म लिखी।
फिल्म निर्माता हंसल मेहता ने उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए लिखा कि फेविकोल का जोड़ टूट गया, विज्ञापन जगत ने अपना गोंद खो दिया। वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने लिखा कि पद्मश्री पीयूष पांडे के निधन की खबर सुनकर मैं बेहद दुखी हूं। वे विज्ञापन की दुनिया के एक अनोखे और रचनात्मक व्यक्ति थे, जिन्होंने कहानी कहने का तरीका ही बदल दिया और कई यादगार कहानियां दीं।

विक्की के साथ काम करने को उत्साहित हैं ‘महावतार’ के डायरेक्टर अमर कौशिकविक्की कौशल की पौराणिक फिल्म ‘महावतार’ को लेकर फैंस में काफी क्रेज है। वे इसका बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इस बीच फिल्म के डायरेक्टर अमर कौशिक ने इस बारे में बात की। कौशिक ‘स्त्री’ जैसी सुपरहिट मूवी बना चुके हैं। कौशिक ने ‘पीटीआई-भाषा’ के साथ बातचीत में कहा कि ‘महावतार’ की तैयारी चल रही है और टीम कॉस्ट्यूम और सेट पर काम कर रही है।
मैं अगले साल फिल्म की शूटिंग शुरू करूंगा। यह फिल्म मेरे करिअर में एक बहुत बड़ी जिम्मेदारी है। यह ईश्वर की ओर से मुझे मिली है, क्योंकि यह किरदार बचपन से ही मेरे साथ रहा है। हम अरुणाचल प्रदेश में परशुराम कुंड के पास रहते थे और हर कुछ दिनों में हम वहां जाते थे। हमारे घर में यह परंपरा बन गई थी, जब भी मैं वहां जाता था, बहुत रोमांचित होता था।
मैं हमेशा से इस कहानी पर काम करना चाहता था लेकिन मैं डरा हुआ भी था। मुझे नहीं पता था कि इसे कैसे बनाना है क्योंकि इसके लिए पैसे और वीएफएक्स की जरूरत थी। मैं यह भी सुनिश्चित करना चाहता हूं कि जो मेरे मन में योजना है, यह फिल्म उसके अनुरूप हो…मैं विक्की के साथ काम करने के लिए बहुत उत्साहित हूं। जब भी मैं उनसे मिलता हूं, मुझे उनमें बहुत पवित्रता दिखाई देती है। वे इस किरदार को निभाने के लिए सबसे उपयुक्त व्यक्ति हैं। हम इसकी शूटिंग अगले साल करेंगे, हम विक्की के आने का इंतजार कर रहे हैं। फिर वे तैयारी करेंगे।














