
अक्सर आपने महसूस किया होगा कि जब भी आप बात करते है तो आपके मुँह से निकली हुई सांस की दुर्गन्ध सामने खड़े व्यक्ति को आपसे दूर कर देती हैं। जी हाँ, अधिकांश लोगों के साथ यह तकलीफ होती है कि सुबह ब्रश करने के बावजूद भी उनके मुँह से सांस की दुर्गन्ध आती रहती है जो उनका शर्मिंदा महसूस करवाती हैं। इस दुर्गन्ध को दूर करने के लिए लोग माउथ फ्रेशनर का इस्तेमाल करते हैं जो कि कुछ समय तक ही असर करता हैं। इसलिए आज हम आपके लिए कुछ ऐसे उपाय लेकर आए है जिनकीं मदद से आप इस परेशानी से हमेशा के लिए निजात पा सकेंगे। तो आइये जानते है इन उपायों के बारे में।
* नमक का प्रयोग
गुनगुने पानी में नमक डालकर इस पानी का प्रयोग गरारे के रूप में करे। नमक में पाए जाने वाले तत्व मुहं की मृत कोशिकाओं को निकालकर इस परेशानी को दूर करता है।

* तुलसी के पत्ते का प्रयोग
तुलसी के पत्तो को उबालकर कुछ देर के लिए ढक दे। पानी जब ठंडा हो जाये तो इस पानी से गरारे करे। तुलसी के पत्तो में जो तत्व पाए जाते है वह मुहं के कीटाणुओं को दूर देते है। इसका प्रयोग नियमित रूप से करे, क्योकि यह एक अच्छा माउथफ्रेशनर है।
* नीम की पत्ती का उपयोग
10-12 नीम की पत्ती को उबाल कर एक गिलास में छान ले। जब पानी ठंडा हो जाये तो इससे गरारा करे। नीम जलन व दर्द को शांत करता है, और रोगाणु रोधक होता है। इसके नियमित सेवन से मुहं की आन्तरिक शुद्धी हो जाती है, और सांस की दुर्गन्ध दूर होती है।

* निम्बू का प्रयोग
निम्बू को ले और उसे आधा काट ले। इसे हल्के हाथ से दांतों व् मसुडो पर रगड़े। नीम्बू में पाए जाने वाला विटामिन सी मुहं के आन्तरिक ऊतको को संकुचित कर, उनमे से विषेले पदार्थ को बाहर कर दांतों और मसुडो को मज़बूत बनाता है, जिसकी वजह से सांस की दुर्गन्ध की परेशानी दूर होती है।
* गुलाबजल का प्रयोग
एक गिलास ठन्डे पानी में गुलाब जल डाले, और मुहं में 10 सेकंड रखने के बाद बिना कुल्ला करे निकाल दे। यह एक एंटी बायोटिक तथा एंटी सेर्टिक जैसा प्रभाव डालता है। इसकी प्राकर्तिक सुगंध सांसो में ताजगी देती है।














