
हर व्यक्ति की चाहत होती है कि उनके घर में सुख-शांति और बरकत हमेशा बनी रहे। लेकिन बहुत मेहनत करने और परिवार में सामंजस्य बिठाने के बाद भी घर में दिक्कतें आती रहती हैं। ऐसी चिंताएं घर के वास्तुदोष के कारण हो सकती हैं। इसके लिए वास्तुशास्त्र में कुछ चीजों को बताया गया है जो घर में नकारात्मकता को दूर कर सकारात्मकता लाते हैं। तो आइये जानते हैं उन वस्तुओं के बारे में जिन्हें घर में रखना शुभ होता हैं

* मिटटी की सुराही :
मिट्टी का छोटा घड़ा या सुराही को पानी से भर कर घर की उत्तर दिशा में रखने से पैसों की तंगी नहीं होती। इन्हें खाली न रहने दें, जल के समाप्त होने पर दोबारा भर दें।

* बांसुरी :
बांसुरी को वास्तु दोष दूर करने में बहुत ही कारगर माना गया है। आर्थिक समस्याओं से मुक्ति के लिए व्यक्ति को चांदी की बांसुरी घर में रखना चाहिए। आप चाहें तो सोने की बांसुरी भी रख सकते हैं। वास्तुशास्त्र में कहा गया है कि सोने की बांसुरी घर में रखने से घर में लक्ष्मी का वास बना रहता है। अगर सोने अथवा चांदी का बांसुरी रखना संभव नहीं हो तो बांस से बनी बांसुरी घर में रख सकते हैं। इससे भी वास्तु दोष दूर होता है और धन आगमन के स्रोत बनने लगते हैं। शिक्षा, व्यवसाय या नौकरी में बाधा आने पर शयन कक्ष के दरवाजे पर दो बांसुरियों को लगाना शुभ फलदायी होता है।

* धातु का बना कछुआ और मछली :
चीनी वास्तु शास्त्र फेंग शुई के अनुसार धातु के बने कछुए और मछली को घर में रखना बहुत ही शुभ माना जाता है। ऐसा करने से घर में धन की कभी कमी नही आती और हमेशा समृधि का वास होता है।

* वास्तु भगवन की प्रतिमा :
घर में वास्तुदोष होने के कारण भी धन की तंगी रहती है। इसलिए वास्तुदोष को दूर करने के लिए घर में वास्तु भगवान की प्रतिमा या तस्वीर रखने से लाभ होता है, साथ ही धन की तंगी से भी छुटकारा मिलता है।

* नृत्य करते हुए गणेश जी :
गणेश जी यूं तो हर रुप में मंगलकारी हैं। लेकिन धन और सुख में बाधा को दूर करने के लिए नृत्य करती हुई गणेश जी की प्रतिमा घर में रखना बहुत ही शुभ होता है। गणेश जी की ऐसी प्रतिमा को इस प्रकार रखना चाहिए कि घर के मुख्य द्वार पर गणेश की जी दृष्टि रहे। प्रतिमा नहीं होने पर तस्वीर भी लगा सकते हैं।

* पिरामिड :
घर के जिस हिस्से में परिवार के सदस्य सबसे ज्यादा समय विताते हैं, वहां पर चांदी, पीतल या तांबे का पिरामिड रखें। यह घर के सदस्यों की आय में वृद्धि करता है। यह घर का भाग हॉल हो सकता है।

* शंख :
वास्तु विज्ञान के अनुसार शंख में वास्तु दोष दूर करने की अद्भुत क्षमता है। जहां नियमित शंख का घोष होता वहां के आस-पास की हवा भी शुद्घ और सकारात्मक हो जाती है। शास्त्रों में कहा गया है जिन घरों में देवी लक्ष्मी के हाथों में शोभा पाने वाला दक्षिणवर्ती शंख होता है वहां लक्ष्मी स्वयं निवास करती हैं। ऐसे घर में धन संबंधी परेशानी कभी नहीं आती है। इस शंख को लाल कपड़े में लपेटकर पूजा स्थान में रखना चाहिए और नियमित इसकी पूजा करनी चाहिए।

* नारियल :
नारियल को श्रीफल कहा गया है। श्री का अर्थ होता है लक्ष्मी इसलिए नारियल को देवी लक्ष्मी का स्वरूप माना गया है। इनमें एकाक्षी नारियल बहुत ही शुभ होता है। जिस घर में इसकी नियमित पूजा होती है वहां नकारात्मक शक्तियां नहीं ठहरती हैं। घर में दिनानुदिन उन्नति होती रहती है। लोग खुशहाल रहते हैं।














