
हर भक्त चाहता है कि गणेशोत्सव के इन दिनों में गणपति जी को प्रसन्न किया जाए और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया जाए। ताकि हमारे जीवन से सभी कष्ट और परेशानियाँ दूर हो। इसक लिए भक्त गणपति जी की खूब सेवा करता हैं, लेकिन सिर्फ सेवा करने से कुछ नहीं होता हैं। बल्कि गणपति पूजन के समय उन चीजों को काम में लेना आवश्यक हैं जो गणपति जी को प्रसन्न करते हैं। जिस तरह दुर्वांकुर से पूजा करने पर व्यक्ति धन-धान्य से परिपूर्ण हो जाता हैं ।इसी तरह आज हम आपको उन चीजों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिन्हें पूजन में काम में लेने से गणपति जी प्रसन्न होते हैं। तो आइये जानते हैं उन चीजों के बारे में।
* घी
पंचामृत में एक अमृत घी होता है। घी को पुष्टिवर्धक और रोगनाशक कहा जाता है। भगवान गणेश को घी काफी पसंद है। घी से गणेश की पूजा का बड़ा महात्म्य होता है। जो व्यक्ति गणेश जी की पूजा घी से करता है उसकी बुद्धि तेज होती है। घी से गणेश की पूजा करने से योग्यता और ज्ञान सब कुछ हासिल होता है।

* मोदक
श्रीगणेश को प्रसन्न करने का दूसरा तरीका है मोदक का भोग। जो व्यक्ति गणेश जी को मोदक का भोग लगाता है गणपति उनका मंगल करते हैं। मोदक का भोग लगाने वाले की मनोकामना पूरी होती है। मोदक की तुलना ब्रह्म से की गयी है। मोदक भी अमृत मिश्रित माना गया है।
* श्रीगणेश की पूजा विधि
स्नान के बाद सर्वप्रथम साफ वस्त्र धारण करें। ताम्र पत्र का श्री गणेश यन्त्र लें। यंत्र को साफ मिट्टी, नमक, निम्बू से अच्छे से साफ करें। पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख कर के आसान पर बैठें। सामने श्री गणेश यन्त्र की स्थापना करें। सभी पूजन सामग्री को इकट्ठा कर लें। फूल, धूप, दीप, कपूर, रोली, मौली लाल, चंदन, मोदक आदि गणेश जी को चढ़ाएं। इसके बाद श्रीगणेश की आरती करें। अंत में भगवान गणेश जी का स्मरण करें। 'ऊँ गं गणपतये नम:' मंत्र का 108 बार जाप करें।













