
जयपुर जिले के चौमूं इलाके में शुक्रवार तड़के एक दर्दनाक हादसा सामने आया। एनएच-52 की जैतपुरा सर्विस रोड पर तेज रफ्तार से दौड़ रही कार अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई और देखते ही देखते आग का गोला बन गई। हादसे में कार सवार एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन लोग गंभीर रूप से झुलसकर घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड और पुलिस मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। घायलों को 108 एंबुलेंस के जरिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। राहत कार्य में ग्रामीणों ने भी पुलिस व दमकलकर्मियों के साथ मिलकर अहम योगदान दिया।
ग्रामीणों की सतर्कता बनी सहारा
जैसे ही स्थानीय लोगों ने सड़क किनारे हादसे की आवाज सुनी, वे तुरंत मदद के लिए दौड़ पड़े। ग्रामीणों ने घायलों को बाहर निकालने में भरपूर सहयोग किया, जिससे और बड़ी त्रासदी टल गई। वहीं, दमकल विभाग ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर नियंत्रण पाया। पुलिस के अनुसार यदि ग्रामीण तत्परता न दिखाते तो हताहतों की संख्या और ज्यादा हो सकती थी।
घायलों की हालत स्थिर, मृतक का पोस्टमार्टम
अस्पताल में भर्ती घायलों की स्थिति फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। डॉक्टर लगातार निगरानी रखे हुए हैं। उधर, मृतक के शव को पुलिस ने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिजनों को सूचना दे दी गई है। प्रारंभिक जांच में हादसे का कारण तेज रफ्तार माना जा रहा है, हालांकि पुलिस पूरे मामले की बारीकी से जांच कर रही है।
हादसे के बाद जाम और गुस्सा
कार दुर्घटना के बाद सर्विस रोड पर लंबा जाम लग गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर वाहनों को धीरे-धीरे निकालकर यातायात सुचारू करवाया। वहीं, स्थानीय लोगों का गुस्सा एनएचआई के खिलाफ फूट पड़ा। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर जगह-जगह गड्ढे और अव्यवस्थित सर्विस रोड लोगों की जान के लिए खतरा बने हुए हैं। लगातार हो रहे हादसों के बावजूद विभाग की अनदेखी जारी है, जिसके चलते इस तरह की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही हैं।














