
चित्तौड़गढ़-उदयपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर मंगलवार की देर रात एक खौफनाक दुर्घटना घटी। भदेसर थाना क्षेत्र के हाज्या खेड़ी पुलिया के पास रसायनों से भरे एक टैंकर में अचानक आग भड़क उठी। यह टैंकर मुंबई से हिमाचल प्रदेश की ओर जा रहा था और इसमें अत्यधिक ज्वलनशील केमिकल लदा हुआ था।
चालक की सूझबूझ से बची जान
हादसे के वक्त टैंकर हाईवे पर सामान्य गति से चल रहा था। तभी ड्राइवर को वाहन में गड़बड़ी का अंदेशा हुआ। स्थिति बिगड़ते देख उसने बिना देर किए ट्रक से छलांग लगा दी और उसकी यही सतर्कता उसकी जिंदगी बचाने का कारण बनी। जानकारी के अनुसार चालक उत्तर प्रदेश का निवासी है। घटना के बाद वहां अफरा-तफरी मच गई और हाईवे पर लंबा जाम लग गया।
शॉर्ट सर्किट को माना वजह, जांच जारी
प्रारंभिक पड़ताल में माना जा रहा है कि टैंकर में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट है। हालांकि पुलिस का कहना है कि वास्तविक वजह की पुष्टि विस्तृत जांच के बाद ही की जा सकेगी। चूंकि टैंकर में केमिकल मौजूद था, इस कारण आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया।
सुरक्षा के लिए हाईवे पर रोका गया ट्रैफिक
जैसे ही लपटें उठीं, तुरंत सुरक्षा के मद्देनज़र हाईवे के दोनों तरफ करीब आधा किलोमीटर की दूरी पर वाहनों की आवाजाही रोक दी गई। इससे बड़ी संख्या में गाड़ियां रास्ते में फंसी रहीं। लेकिन यह कदम आवश्यक था ताकि किसी और वाहन या व्यक्ति को नुकसान न पहुंचे।
प्रशासन और पुलिस के आला अधिकारी मौके पर
सूचना मिलते ही सबसे पहले भदेसर थाना अधिकारी धर्मराज मीना अपनी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। उसके बाद जिला पुलिस अधीक्षक मनीष त्रिपाठी, अतिरिक्त एसपी सरिता सिंह, डीएसपी अनिल शर्मा और एसडीएम सुधांशु पाण्डे ने भी मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया।
फायर ब्रिगेड की मेहनत से काबू पाई लपटें
फायर ब्रिगेड की टीम को आग पर काबू पाने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। लंबे प्रयासों के बाद आखिरकार लपटों को बुझा लिया गया और जगह को सुरक्षित घोषित किया गया। इसके बाद रात के समय ही रुकी हुई गाड़ियों को धीरे-धीरे निकाला गया और यातायात बहाल किया गया।
बड़ी राहत – कोई हताहत नहीं
इस घटना का सबसे सकारात्मक पहलू यह रहा कि किसी भी व्यक्ति की जान नहीं गई। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि चालक समय रहते गाड़ी से न कूदता, तो हादसा कहीं ज्यादा भयावह रूप ले सकता था।














