राजस्थान के बीकानेर में खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावट और खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर कार्रवाई करते हुए बीछवाल औद्योगिक क्षेत्र स्थित एक गोदाम से करीब 22,000 किलोग्राम खाद्य तेल सीज किया है। सीज किए गए स्टॉक में नेपाल में निर्मित ‘CHOICE’ ब्रांड का सनफ्लावर ऑयल और ‘बाबा रामदेव छाप’ सरसों का तेल शामिल है। विभाग की केंद्रीय खाद्य सुरक्षा टीम ने एक ही दिन में शहर के तीन प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया और खाद्य पदार्थों के कुल छह नमूने जांच के लिए लिए।
यह कार्रवाई मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर के मार्गदर्शन में प्रदेशभर में चलाए जा रहे ‘शुद्ध आहार–मिलावट पर वार’ अभियान के तहत की गई। अभियान का उद्देश्य आमजन को शुद्ध और सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना तथा खाद्य कारोबार में निर्धारित मानकों का पालन सुनिश्चित करना है।
बीछवाल औद्योगिक क्षेत्र के गोदाम से 22 हजार किलो तेल सीज
खाद्य सुरक्षा दल ने बीछवाल औद्योगिक क्षेत्र स्थित मैसर्स लक्ष्मी नारायण भंवर लाल के गोदाम का निरीक्षण किया। इस दौरान वहां रखे करीब 22 हजार किलोग्राम खाद्य तेल को सीज किया गया। जब्त किए गए स्टॉक में ‘CHOICE’ ब्रांड का सनफ्लावर ऑयल और ‘बाबा रामदेव छाप’ सरसों का तेल शामिल है।
कार्रवाई के दौरान खाद्य तेल के तीन नमूने भी जांच के लिए लिए गए। विभाग विशेष रूप से ‘CHOICE’ सनफ्लावर ऑयल की लेबलिंग और उसके प्रचार से जुड़े पहलुओं की जांच कर रहा है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में तेल के नमूनों की जांच रिपोर्ट या किसी उत्पाद को मिलावटी अथवा असुरक्षित घोषित किए जाने की पुष्टि नहीं की गई है। आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों और लागू नियमों के आधार पर की जाएगी।
दो अन्य प्रतिष्ठानों से भी लिए गए खाद्य नमूने
केंद्रीय खाद्य सुरक्षा दल ने बीकानेर में दो अन्य प्रतिष्ठानों का भी निरीक्षण किया। मैसर्स नागड़ नारायण एग्रो इंडस्ट्रीज से नारियल पेड़ा खाद्य सामग्री का एक नमूना जांच के लिए लिया गया। इसके अलावा रानी बाजार इंडस्ट्रियल एरिया स्थित मैसर्स श्री बिशनलाल बाबूलाल की निर्माण इकाई का निरीक्षण किया गया। यहां से खाद्य पदार्थों के दो नमूने लिए गए। इस तरह एक ही दिन में तीन प्रतिष्ठानों से कुल छह नमूने जांच के लिए एकत्र किए गए।
निरीक्षण के दौरान जिन कमियों का पता चला, उनके संबंध में संबंधित फर्मों को इम्प्रूवमेंट नोटिस जारी किए जाएंगे। इन नोटिसों के जरिए प्रतिष्ठानों को खाद्य सुरक्षा और गुणवत्ता से संबंधित कमियों में सुधार करने के लिए कहा जाएगा।
दीपावली से पहले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर निगरानी
अतिरिक्त आयुक्त भगवत सिंह ने बताया कि दीपावली के मद्देनजर खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावट और खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले कारोबारियों के खिलाफ प्रवर्तन अभियान तेज किया है। इसके तहत खाद्य तेल, घी, मावा, मिठाइयों और अन्य खाद्य पदार्थों के निर्माण, भंडारण, परिवहन तथा बिक्री की जांच की जा रही है। विभाग की निगरानी विशेष रूप से भ्रामक लेबलिंग, अनुचित प्रचार और मिलावटी या असुरक्षित खाद्य पदार्थों के कारोबार पर है। पैकेट या उत्पाद पर दी गई जानकारी और उसके प्रचार से जुड़े पहलुओं की जांच भी इसी निगरानी का हिस्सा है।
भगवत सिंह के अनुसार, खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 और इसके तहत बनाए गए नियमों एवं विनियमों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। कार्रवाई में खाद्य नमूनों की जांच, खाद्य पदार्थों को सीज करना, लाइसेंस निलंबित या निरस्त करना और मामले की प्रकृति के अनुसार अभियोजन शामिल हो सकता है। किसी प्रतिष्ठान या कारोबारी के खिलाफ आगे की कार्रवाई संबंधित जांच और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर की जाएगी।
खाद्य कारोबारियों से नियमों का पालन करने की अपील
खाद्य सुरक्षा विभाग ने सभी खाद्य कारोबारियों से निर्धारित मानकों के अनुरूप खाद्य पदार्थों का निर्माण, भंडारण और विक्रय करने की अपील की है। विभाग ने पैकेजिंग और लेबलिंग से जुड़े नियमों का पालन करने पर भी जोर दिया है।
‘शुद्ध आहार–मिलावट पर वार’ अभियान के तहत खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच और नमूनीकरण की कार्रवाई जारी रहेगी। बीकानेर में हुई इस कार्रवाई में सीज किए गए खाद्य तेल की गुणवत्ता और ‘CHOICE’ सनफ्लावर ऑयल की लेबलिंग एवं प्रचार से जुड़े पहलुओं की जांच आगे की प्रक्रिया में अहम रहेगी।














