
वसई: महाराष्ट्र के वसई इलाके में स्वयं को महादेव का अवतार बताने वाले धर्मगुरु ऋषिकेश वैद्य को पुणे पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी पर महिला से रेप करने का आरोप है। मुंबई के पास वसई में पीड़िता द्वारा दी गई शिकायत के आधार पर पहले जीरो एफआईआर दर्ज की गई थी और बाद में इसे पुणे के हडपसर पुलिस स्टेशन को स्थानांतरित किया गया।
मामला क्या है?
वसई के माणिकपुर पुलिस स्टेशन में दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, 35 वर्षीय महिला ने बताया कि आरोपी धर्मगुरु ने आध्यात्मिक शिक्षण का बहाना बनाकर उसे झांसा दिया। पीड़िता के अनुसार, दोनों की पहचान 2023 में फेसबुक के जरिए हुई थी।
महिला के बयान के मुताबिक, ऋषिकेश वैद्य ने 2023 में पुणे बुलाया, जहां उसने खुद को भगवान शिव का अवतार बताते हुए कहा, “मैं शिव हूं और तुम मेरी पार्वती हो”। इसके बाद आरोपी ने पीड़िता को नशीला पदार्थ देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। आरोप है कि उसने महिला की अश्लील तस्वीरें खींचीं और उन्हें ब्लैकमेल करने के लिए इस्तेमाल किया। मई 2025 में आरोपी ने एक बार फिर जबरदस्ती की कोशिश की।
अशोक खरात मामला और पीड़िता की हिम्मत
नासिक के फर्जी बाबा अशोक खरात के घोटाले ने मीडिया और सोशल प्लेटफॉर्म पर हलचल मचा दी। खरात पर कई महिलाओं के शारीरिक उत्पीड़न के आरोप लगे हैं। इस मामले के प्रकाश में आने के बाद पीड़िता को अपनी शिकायत दर्ज कराने और आरोपी को सजा दिलवाने की हिम्मत मिली।
फर्जी बाबाओं से सावधानी जरूरी
ऐसे मामले बतलाते हैं कि कई लोग फर्जी धार्मिक आस्था का लाभ उठाकर महिलाओं को अपने जाल में फंसा लेते हैं और उनका शोषण करते हैं। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि किसी भी व्यक्ति के बहकावे में न आएं और किसी भी दावे को सत्य मानकर तुरंत न मान लें। स्वयं जांच और सतर्कता ही फर्जी बाबाओं और अंधविश्वास से बचने का सबसे सुरक्षित तरीका है।













