न्यूज़
CJP Yogi Adityanath Jyotish Narendra Modi Rahul Gandhi

20 जुलाई का संसद मार्च था गैरकानूनी, हालात बिगड़े तो ही बरती सख्ती; सुप्रीम कोर्ट में दिल्ली पुलिस का जवाब

20 जुलाई के प्रदर्शन पर दिल्ली पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल किया। पुलिस ने संसद मार्च को गैरकानूनी बताते हुए बल प्रयोग पर सफाई दी।

Posts by : Jhanvi Gupta | Updated on: Tue, 18 Aug 2026 12:47:08

20 जुलाई का संसद मार्च था गैरकानूनी, हालात बिगड़े तो ही बरती सख्ती; सुप्रीम कोर्ट में दिल्ली पुलिस का जवाब

20 जुलाई को दिल्ली में हुए प्रदर्शन और संसद की ओर मार्च की कोशिश को लेकर दिल्ली पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट में अपना विस्तृत पक्ष रखा है। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर जरूरत से ज्यादा बल प्रयोग किए जाने के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि शुरुआत में प्रदर्शन शांतिपूर्ण था, लेकिन बाद में स्थिति बिगड़ने के बाद भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक बल का इस्तेमाल किया गया।

सुप्रीम कोर्ट में मामले की सुनवाई से पहले दिल्ली पुलिस ने हलफनामा दाखिल किया है। इसमें पुलिस ने 20 जुलाई के घटनाक्रम, प्रदर्शनकारियों की संख्या, सुरक्षाकर्मियों की तैनाती और बल प्रयोग से जुड़े आरोपों पर अपना पक्ष रखा है।

30 हजार लोग, करीब 5 हजार पुलिसकर्मी तैनात

दिल्ली पुलिस के अनुसार, 20 जुलाई को जंतर-मंतर के आसपास लगभग 30 हजार लोग मौजूद थे। प्रदर्शनकारी करीब तीन किलोमीटर के क्षेत्र में फैले हुए थे। भीड़ को नियंत्रित करने और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगभग 5 हजार पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी।

पुलिस का कहना है कि प्रदर्शन की शुरुआत शांतिपूर्ण तरीके से हुई थी, लेकिन बाद में कुछ प्रदर्शनकारियों ने अलग-अलग स्थानों पर लगाए गए बैरिकेड तोड़कर संसद की ओर बढ़ने की कोशिश की। इसके बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई और पुलिस तथा प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की और झड़प की स्थिति बनी।

240 से ज्यादा सुरक्षाकर्मी घायल होने का दावा

हलफनामे में दिल्ली पुलिस ने दावा किया है कि प्रदर्शन के दौरान 240 से अधिक पुलिसकर्मी और अन्य सुरक्षाकर्मी घायल हुए। पुलिस के मुताबिक, करीब 200 प्रदर्शनकारियों को भी चोटें आईं।

पुलिस ने अदालत को बताया कि भीड़ को नियंत्रित करने के लिए बल का इस्तेमाल अचानक या शुरुआत से नहीं किया गया, बल्कि परिस्थितियों के अनुसार धीरे-धीरे कार्रवाई की गई। पुलिस का कहना है कि उसने उपलब्ध परिस्थितियों को देखते हुए आवश्यक स्तर पर ही बल प्रयोग किया।

संसद मार्च के लिए नहीं मिली थी अनुमति

दिल्ली पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट के सामने यह भी स्पष्ट किया कि संसद की ओर मार्च करने की अनुमति नहीं दी गई थी। पुलिस के अनुसार, अनुमति के बिना संसद की तरफ बढ़ने का प्रयास गैरकानूनी था।

पुलिस ने यह भी दावा किया कि प्रदर्शन से जुड़ी याचिकाओं में कुछ चुनिंदा तस्वीरों, अधूरे वीडियो और सोशल मीडिया रिपोर्ट्स को आधार बनाया गया है। उसके मुताबिक, इन सामग्री के आधार पर पूरे घटनाक्रम की तस्वीर स्पष्ट नहीं होती।

आपराधिक मामलों वाले लोगों को लेकर पुलिस का दावा

दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन में शामिल लोगों को लेकर भी एक अहम दावा किया है। पुलिस के अनुसार, भीड़ में कुछ ऐसे लोग भी मौजूद थे, जिनके खिलाफ पहले से आपराधिक मामले दर्ज हैं।

हलफनामे में पुलिस ने बताया कि करीब 2,873 लोगों पर हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, रेप और POCSO जैसे मामलों में केस दर्ज हैं। पुलिस के मुताबिक, इन लोगों से जुड़े पहलुओं की जांच दिल्ली पुलिस द्वारा गठित एसआईटी करेगी।

नुकीली कील वाली लाठी के आरोप पर क्या कहा?

प्रदर्शन के दौरान नुकीली कील वाली लाठी के इस्तेमाल के आरोप पर भी दिल्ली पुलिस ने अपना पक्ष रखा है। पुलिस के मुताबिक, सामने आए एक वीडियो में ऐसी लाठी जैसी वस्तु दिखाई देती है, लेकिन उसके अनुसार वह पुलिसकर्मी के हाथ में नहीं बल्कि एक प्रदर्शनकारी के पास थी।

पुलिस ने दावा किया कि वह वस्तु लाठी नहीं बल्कि राष्ट्रीय ध्वज लगा हुआ डंडा था। साथ ही पुलिस ने कहा कि भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिसकर्मियों द्वारा लाठी का इस्तेमाल निर्धारित नियमों के तहत किया गया। पुलिस ने यह भी दावा किया कि प्रदर्शनकारियों की ओर से पुलिसकर्मियों पर हमला किया गया था।

सादे कपड़ों में पुलिस की तैनाती पर सफाई

प्रदर्शन स्थल पर सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों की मौजूदगी को लेकर भी सवाल उठे थे। दिल्ली पुलिस ने बताया कि ऐसे अधिकारियों को भीड़ के बीच से स्थिति की जानकारी जुटाने और गतिविधियों पर नजर रखने के लिए तैनात किया गया था।

पुलिस के अनुसार, इनमें स्पेशल ब्रांच, स्पेशल सेल, क्राइम ब्रांच और स्थानीय पुलिस से जुड़े अधिकारी शामिल थे। पुलिस ने कहा कि बड़े आयोजनों और प्रदर्शनों के दौरान इस तरह की व्यवस्था पहले भी की जाती रही है।

फेशियल रिकग्निशन सॉफ्टवेयर पर भी पुलिस का जवाब


प्रदर्शन स्थल पर फेशियल रिकग्निशन सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल को लेकर भी दिल्ली पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट के समक्ष अपनी स्थिति स्पष्ट की। पुलिस के मुताबिक, भीड़ की स्थिति को देखते हुए इसका इस्तेमाल सीमित और जरूरी निगरानी के तौर पर किया गया था और परिस्थितियों के मद्देनजर यह उचित था।

दिल्ली पुलिस ने सुप्रीम कोर्ट को यह भी बताया कि यदि अदालत पुलिस कार्रवाई और बल प्रयोग की जांच के लिए किसी कमेटी का गठन करती है, तो पुलिस उसके साथ पूरी तरह सहयोग करेगी।

इस मामले में अब सुप्रीम कोर्ट के सामने प्रदर्शनकारियों की ओर से लगाए गए आरोप और दिल्ली पुलिस द्वारा हलफनामे में दिए गए जवाब दोनों मौजूद हैं। अदालत की आगे की कार्यवाही में इन दावों और पुलिस की कार्रवाई से जुड़े पहलुओं पर विचार किया जाएगा।

राज्य
View More

Shorts see more

रोज़ सुबह पिएं सूखे आंवले और जीरे का पानी, शरीर में होंगे ये 6 चमत्कारी बदलाव!

रोज़ सुबह पिएं सूखे आंवले और जीरे का पानी, शरीर में होंगे ये 6 चमत्कारी बदलाव!

  • आंवला-जीरा पानी पाचन और इम्यूनिटी बढ़ाता है
  • आंवला में विटामिन C होता है
  • जीरे में आयरन और कैल्शियम है
read more

ताजा खबरें
View More

तमिलनाडु की जेल में बड़ी चूक, एक साथ 17 कैदी फरार
तमिलनाडु की जेल में बड़ी चूक, एक साथ 17 कैदी फरार
चक्रवात अर्नब का खतरा बढ़ा, 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश में लैंडफॉल का अनुमान; 140 किमी की हवाओं का अलर्ट
चक्रवात अर्नब का खतरा बढ़ा, 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश में लैंडफॉल का अनुमान; 140 किमी की हवाओं का अलर्ट
8 साल पुराने मानहानि मामले में राहुल गांधी बरी, सुल्तानपुर कोर्ट का फैसला
8 साल पुराने मानहानि मामले में राहुल गांधी बरी, सुल्तानपुर कोर्ट का फैसला
‘पहले आजमगढ़ से मुस्लिम सांसद बनता था, अब अखिलेश का परिवार’, ओवैसी ने उठाए सवाल
‘पहले आजमगढ़ से मुस्लिम सांसद बनता था, अब अखिलेश का परिवार’, ओवैसी ने उठाए सवाल
लखनऊ में मामूली विवाद ने लिया हिंसक रूप, सआदतगंज में सरेआम चलीं गोलियां; दो लोगों की मौत
लखनऊ में मामूली विवाद ने लिया हिंसक रूप, सआदतगंज में सरेआम चलीं गोलियां; दो लोगों की मौत
सांवरिया सेठ के दर्शन कर लौट रहे थे 5 दोस्त, रास्ते में कार बनी आग का गोला, 4 की जिंदा जलकर मौत
सांवरिया सेठ के दर्शन कर लौट रहे थे 5 दोस्त, रास्ते में कार बनी आग का गोला, 4 की जिंदा जलकर मौत
करवा चौथ पर बनेगा लक्ष्मी-नारायण राजयोग, इन 4 राशियों की चमकेगी किस्मत
करवा चौथ पर बनेगा लक्ष्मी-नारायण राजयोग, इन 4 राशियों की चमकेगी किस्मत
ओवैसी ने सपा-कांग्रेस को दिया गठबंधन का ऑफर, बोले- योगी आदित्यनाथ को तीसरी बार CM बनते नहीं देखना चाहते
ओवैसी ने सपा-कांग्रेस को दिया गठबंधन का ऑफर, बोले- योगी आदित्यनाथ को तीसरी बार CM बनते नहीं देखना चाहते
30 सेकंड में थम जाएगा विपक्ष का आंदोलन, लेकिन राहुल गांधी ने रख दी ये बड़ी शर्त
30 सेकंड में थम जाएगा विपक्ष का आंदोलन, लेकिन राहुल गांधी ने रख दी ये बड़ी शर्त
राघोपुर नाव हादसे के पीड़ितों के दशकर्म में BJP-JDU कार्यकर्ता भिड़े, प्रशांत किशोर के सामने मारपीट; अजीत यादव घायल
राघोपुर नाव हादसे के पीड़ितों के दशकर्म में BJP-JDU कार्यकर्ता भिड़े, प्रशांत किशोर के सामने मारपीट; अजीत यादव घायल
एमएस धोनी की Gen Z को सलाह: फिट रहना है तो आज ही बदलें ये 3 आदतें
एमएस धोनी की Gen Z को सलाह: फिट रहना है तो आज ही बदलें ये 3 आदतें
गैस चूल्हे की लौ हो गई है पीली या धीमी? बर्नर साफ करने के लिए अपनाएं ये 3 तरीके
गैस चूल्हे की लौ हो गई है पीली या धीमी? बर्नर साफ करने के लिए अपनाएं ये 3 तरीके
मेथी दाने से बनाएं हेयर मिस्ट, तेल और हेयर पैक, जानें इस्तेमाल करने का सही तरीका
मेथी दाने से बनाएं हेयर मिस्ट, तेल और हेयर पैक, जानें इस्तेमाल करने का सही तरीका
गेहूं, ज्वार या रागी: रोजाना रोटी बनाने के लिए कौन सा आटा है सबसे बेहतर?
गेहूं, ज्वार या रागी: रोजाना रोटी बनाने के लिए कौन सा आटा है सबसे बेहतर?