
दिल्ली के रिठाला मेट्रो स्टेशन के पास उस वक्त अफरा-तफरी मच गई जब एक बहुमंजिला फैक्ट्री में अचानक भीषण आग भड़क उठी। पलभर में पूरे इलाके में धुएं का ऐसा गुबार छा गया कि दूर-दूर से लोगों को काला धुआं साफ नजर आने लगा। इस भयावह हादसे में अब तक 4 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जिससे इलाके में मातम पसरा हुआ है। दमकल विभाग के अनुसार, आग लगने की सूचना सुबह 7 बजकर 25 मिनट पर मिली, जिसके तुरंत बाद विभाग ने सतर्कता दिखाते हुए एडीओ अजय शर्मा की अगुवाई में कुल 16 दमकल गाड़ियों को मौके पर रवाना किया। आग की तीव्रता को देखकर ये साफ हो गया था कि हालात बेहद गंभीर हैं और हालात पर काबू पाने में वक्त लग सकता है।
रिहायशी इलाकों के बीच चल रही फैक्ट्रियों पर फिर उठे सवाल
यह इलाका पूरी तरह से रिहायशी है, लेकिन इसके बीच कई फैक्ट्रियां ऐसी भी हैं जो कानूनी नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए धड़ल्ले से चल रही हैं। यही लापरवाही आज चार बेगुनाह जिंदगियों पर भारी पड़ गई। स्थानीय लोग गुस्से और दुख में डूबे हुए हैं, क्योंकि ये कोई पहली बार नहीं है जब लापरवाहियों की कीमत आम लोगों को चुकानी पड़ी हो। इस घटना में कुछ लोग घायल भी बताए जा रहे हैं, जिनका इलाज नजदीकी अस्पतालों में जारी है। परिजनों की आंखें अपनों की सलामती के इंतजार में दरवाजे पर टिकी हैं।
जेसीबी से फैक्ट्री की दीवार तोड़कर पहुंच बनाई जा रही है
राहत कार्य में कोई कसर न रहे, इसके लिए दमकल विभाग जेसीबी मशीन की मदद भी ले रहा है। फैक्ट्री की एक दीवार को तोड़ा जा रहा है ताकि आग पर दूसरी दिशा से भी पानी डाला जा सके और बचाव कार्य में तेजी लाई जा सके। हर पल कीमती है, क्योंकि किसी के अपने अब भी अंदर फंसे हो सकते हैं। दमकल विभाग के जवान बिना रुके आग बुझाने और फंसे लोगों को निकालने के काम में जुटे हैं। चारों ओर अफरा-तफरी है, लेकिन साथ ही उम्मीद भी है कि कोई और जान न जाए।
अभी तक आग के कारणों का नहीं चला पता
दिल्ली अग्निशमन सेवा (DFS) के प्रमुख अतुल गर्ग ने जानकारी दी कि आग लगने की सूचना देर शाम 7.25 बजे मिली थी। लोकेशन रिठाला मेट्रो स्टेशन के पास का था, जहां से तेज धुआं उठ रहा था। उन्होंने बताया कि 16 दमकल गाड़ियां मौके पर भेजी गईं और लगातार प्रयास किए जा रहे हैं कि जल्द से जल्द आग पर काबू पाया जा सके। हालांकि आग लगने की असल वजह अब तक साफ नहीं हो सकी है, लेकिन अधिकारियों का कहना है कि पूरी जांच के बाद ही कोई निष्कर्ष निकाला जाएगा। फिलहाल प्राथमिकता लोगों की सुरक्षा और आग पर नियंत्रण है।














