न्यूज़
IPL 2026 Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग: जब रावण की भक्ति से द्रवित हुए भोलेनाथ, जन्मा आस्था का यह चमत्कारी धाम

बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग की पौराणिक कथा भगवान शिव और रावण की अनोखी भक्ति से जुड़ी है। जानिए क्यों इसे कामना लिंग कहते हैं, कैसे हुआ इसका प्रकट होना और क्यों शिव ने यहां लिया वैद्य रूप।

Posts by : Kratika Maheshwari | Updated on: Tue, 08 July 2025 3:25:49

बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग: जब रावण की भक्ति से द्रवित हुए भोलेनाथ, जन्मा आस्था का यह चमत्कारी धाम

भगवान शिव के विश्व प्रसिद्ध 12 ज्योतिर्लिंगों में से बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग नौवां और अत्यंत पूजनीय ज्योतिर्लिंग है। सावन के पावन महीने में जब आस्था की लहरें उमड़ती हैं, तब लाखों कांवड़िए श्रद्धा और भक्ति से ओतप्रोत होकर बाबा बैद्यनाथ का आशीर्वाद पाने देवघर पहुंचते हैं। यहां की भूमि को ‘चिता भूमि’ और यहां के ज्योतिर्लिंग को ‘कामना लिंग’ कहा जाता है, क्योंकि मान्यता है कि यहां की पूजा से हर सच्ची मनोकामना पूरी होती है।

बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग की पौराणिक कथा सीधे लंकापति रावण और भगवान शिव से जुड़ी है—एक ऐसी कहानी जो भक्ति, छल और देवताओं की रणनीति से भरी है।

जब रावण की कठोर तपस्या से प्रसन्न हो गए भोलेनाथ

पौराणिक कथा के अनुसार, एक बार रावण के मन में यह प्रबल इच्छा जगी कि वह भगवान शिव को लंका में स्थापित करे ताकि उसका साम्राज्य और शक्तिशाली बन जाए। अपने उद्देश्य को पूरा करने के लिए उसने घोर तपस्या शुरू कर दी। कहते हैं, रावण ने अपने नौ सिर काटकर यज्ञ में अर्पित कर दिए। जब वह दसवां सिर काटने ही वाला था, तभी भगवान शिव उसकी भक्ति से प्रसन्न होकर प्रकट हो गए और उसे वरदान मांगने को कहा।

रावण ने वरदान में शिव का आत्मलिंग (शिवलिंग) मांगा, जिसे शिव ने दे तो दिया, लेकिन एक शर्त के साथ—जहां भी यह शिवलिंग जमीन पर रखा जाएगा, वहीं स्थापित हो जाएगा।

जब भगवान विष्णु ने धरती की रक्षा के लिए रची लीला

भगवान विष्णु ने रावण की छिपी मंशा को भांप लिया और समझ गए कि यदि यह शिवलिंग लंका पहुंच गया, तो ब्रह्मांड का संतुलन बिगड़ जाएगा। तब देवताओं के साथ मिलकर उन्होंने एक योजना बनाई। जब रावण आत्मलिंग को लेकर लंका की ओर जा रहा था, तब वरुण देव को उसके पेट में भेजा गया जिससे उसे लघुशंका की जरूरत पड़े।

रास्ते में उसे एक ग्वाला दिखा—जो कोई और नहीं, बल्कि स्वयं भगवान विष्णु थे। रावण ने ग्वाले से शिवलिंग कुछ देर थामने की विनती की और लघुशंका के लिए चला गया। जैसे ही वह गया, भगवान विष्णु ने शिवलिंग जमीन पर रख दिया, जिससे वह वहीं स्थापित हो गया।

जब रावण की सारी कोशिशें हो गईं नाकाम

रावण लौटते ही चौंक गया। उसने देखा कि शिवलिंग जड़ से ज़मीन में स्थापित हो चुका है। उसने उसे हटाने की बहुत कोशिश की, लेकिन विफल रहा। गुस्से में तिलमिलाए रावण ने शिवलिंग को ज़मीन में और गाड़ने की कोशिश की, जिससे उसका कुछ हिस्सा धरती में समा गया। तभी से यह स्थान बैद्यनाथ धाम कहलाता है और भगवान शिव यहां बैद्यनाथ के रूप में वास करने लगे।

'बैद्यनाथ' नाम कैसे पड़ा? जानिए इसके पीछे की कहानी

जब रावण ने अपने नौ सिर काटे थे, तो उसकी पीड़ा असहनीय हो चुकी थी। भगवान शिव उस समय स्वयं वैद्य (चिकित्सक) के रूप में प्रकट हुए और रावण की पीड़ा को शांत किया। तभी से इस स्थान को ‘बैद्यनाथ’ कहा जाने लगा। आज भी श्रद्धालु इस स्थान को मोक्ष और मनोकामना पूर्ति का केंद्र मानते हैं।

राज्य
View More

Shorts see more

बारिश के मौसम में ग्लोइंग स्किन चाहिए? अपनाएं ब्लू स्किन केयर का ये वायरल ब्यूटी ट्रेंड

बारिश के मौसम में ग्लोइंग स्किन चाहिए? अपनाएं ब्लू स्किन केयर का ये वायरल ब्यूटी ट्रेंड

  • मानसून में स्किन चिपचिपी और पिंपल्स वाली हो जाती है
  • ब्लू स्किन केयर से ठंडक और हाइड्रेशन मिलता है
  • #BlueSkincare ट्रेंड युवाओं में वायरल है
read more

ताजा खबरें
View More

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने जारी की उम्मीदवारों की सूची, जानें किसे कहां से मिला मौका
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने जारी की उम्मीदवारों की सूची, जानें किसे कहां से मिला मौका
दिल्ली में बड़ा खुलासा: थिनर से बदल रहे थे एक्सपायरी डेट, नकली पैकिंग कर बेच रहे थे खाद्य सामान, 3 गिरफ्तार
दिल्ली में बड़ा खुलासा: थिनर से बदल रहे थे एक्सपायरी डेट, नकली पैकिंग कर बेच रहे थे खाद्य सामान, 3 गिरफ्तार
खाड़ी में गहराया जल संकट! ईरान के हमले से कुवैत का डीसैलिनेशन प्लांट क्षतिग्रस्त, बढ़ी चिंता
खाड़ी में गहराया जल संकट! ईरान के हमले से कुवैत का डीसैलिनेशन प्लांट क्षतिग्रस्त, बढ़ी चिंता
अब पासवर्ड की जरूरत खत्म! दिल की धड़कनों से अनलॉक होगा फोन, आई नई Vital ID तकनीक
अब पासवर्ड की जरूरत खत्म! दिल की धड़कनों से अनलॉक होगा फोन, आई नई Vital ID तकनीक
‘होर्मुज में नाविक गंवाने वाला भारत अकेला देश’, 60 देशों की बैठक में ईरान जंग पर भारत का कड़ा रुख
‘होर्मुज में नाविक गंवाने वाला भारत अकेला देश’, 60 देशों की बैठक में ईरान जंग पर भारत का कड़ा रुख
‘धुरंधर 2’ का 15वें दिन भी जलवा कायम, ताबड़तोड़ कमाई के साथ दूसरे हफ्ते की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर बनी
‘धुरंधर 2’ का 15वें दिन भी जलवा कायम, ताबड़तोड़ कमाई के साथ दूसरे हफ्ते की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर बनी
दीपिका चिखलिया ने देखा 'रामायण' का टीजर, रणबीर कपूर को राम के रूप में देखकर जाहिर की खुशी, बोलीं- 'रिलीज का बेसब्री से इंतजार'
दीपिका चिखलिया ने देखा 'रामायण' का टीजर, रणबीर कपूर को राम के रूप में देखकर जाहिर की खुशी, बोलीं- 'रिलीज का बेसब्री से इंतजार'
गुड फ्राइडे और ईस्टर संडे क्यों हैं खास, जानिए ईसाइयों के लिए इसका महत्व
गुड फ्राइडे और ईस्टर संडे क्यों हैं खास, जानिए ईसाइयों के लिए इसका महत्व
दिल्ली की भागदौड़ से ब्रेक चाहिए? इन 10 हिल स्टेशनों की रोड ट्रिप देगी सुकून का असली मज़ा
दिल्ली की भागदौड़ से ब्रेक चाहिए? इन 10 हिल स्टेशनों की रोड ट्रिप देगी सुकून का असली मज़ा
4 चौके, 4 छक्के, 228.57 की स्ट्राइक रेट, अभिषेक शर्मा ने KKR के खिलाफ मचाई धूम
4 चौके, 4 छक्के, 228.57 की स्ट्राइक रेट, अभिषेक शर्मा ने KKR के खिलाफ मचाई धूम
रिंकू सिंह ने KKR का इतिहास बदला, आंद्रे रसेल का रिकॉर्ड तोड़ बने पहले खिलाड़ी
रिंकू सिंह ने KKR का इतिहास बदला, आंद्रे रसेल का रिकॉर्ड तोड़ बने पहले खिलाड़ी
IPL 2026: युवराज सिंह का बड़ा बयान—अभिषेक शर्मा को कप्तानी क्यों नहीं मिली, SRH मैनेजमेंट पर उठाए सवाल
IPL 2026: युवराज सिंह का बड़ा बयान—अभिषेक शर्मा को कप्तानी क्यों नहीं मिली, SRH मैनेजमेंट पर उठाए सवाल
KKR पर जीत के बाद मुसीबत में अभिषेक शर्मा, BCCI ने काटी मैच फीस और दिया डिमेरिट पॉइंट
KKR पर जीत के बाद मुसीबत में अभिषेक शर्मा, BCCI ने काटी मैच फीस और दिया डिमेरिट पॉइंट
शिवांग कुमार कौन हैं? सिर्फ सात मैचों के अनुभव के बाद IPL में मिला डेब्यू का मौका
शिवांग कुमार कौन हैं? सिर्फ सात मैचों के अनुभव के बाद IPL में मिला डेब्यू का मौका