‘राम तेरी गंगा मैली’ से रातोंरात स्टार बनीं एक्ट्रेस मंदाकिनी ने हाल ही में एक शो में 80 के दशक के बॉलीवुड की कुछ अनसुनी बातें साझा कीं। उन्होंने बताया कि उस दौर में हीरोइनों को कपड़े बदलने में काफी मुश्किलें होती थीं, क्योंकि तब आज जैसी सुविधाएं उपलब्ध नहीं थीं। मंदाकिनी, जो 80 के दशक की सबसे लोकप्रिय अभिनेत्रियों में से एक थीं, ने बताया कि तब हर कोई उनके साथ काम करना चाहता था।
हालांकि, वह कई सालों से फिल्मी दुनिया से दूर हैं, लेकिन आज भी लोग उन्हें ‘गंगा’ के किरदार के लिए याद करते हैं। हाल ही में, मंदाकिनी ‘इंडियाज बेस्ट डांसर’ शो में नजर आईं। इस दौरान, शो के होस्ट हर्ष लिंबाचिया ने मलाइका अरोड़ा से पूछा कि उनके साथ कितने लोग रहते हैं। इसी संदर्भ में मंदाकिनी ने बीते और वर्तमान के बॉलीवुड के बीच का अंतर बताया और उस समय की अभिनेत्री होने की चुनौतियों पर रोशनी डाली।
कैसे बदलते थे हीरोइनें कपड़े?
हाल ही में एक शो के दौरान जब होस्ट हर्ष लिंबाचिया ने जज मलाइका अरोड़ा से मजाकिया अंदाज में पूछा, "आजकल हीरोइनों के साथ कई लोग चलते हैं, आपके साथ कितने लोग रहते हैं?" तो मलाइका हंसते हुए बोलीं, "इस बारे में बात ना ही करें तो बेहतर होगा।"
इस पर एक्ट्रेस मंदाकिनी ने पुराने दौर की चुनौतियों को याद करते हुए कहा, "हम लोग ड्रेस कैसे चेंज करते थे? अगर स्टूडियो में शूट होता था, तो मेकअप रूम मिल जाता था, लेकिन आउटडोर शूटिंग के दौरान ये सबसे बड़ी समस्या होती थी।"
उन्होंने आगे बताया कि कई बार कपड़े बदलने के लिए आसपास के घरों में जाकर लोगों से रिक्वेस्ट करनी पड़ती थी। अगर कोई घर पास में होता, तो हम पूछते कि क्या एक कमरा मिल सकता है। कभी-कभी चार-पांच लोग पर्दा बनाकर खड़े हो जाते थे, ताकि हम कपड़े बदल सकें। "उस वक्त ये सब करना काफी मुश्किल लगता था, लेकिन फिर यही सोचते थे कि हर कोई ऐसे ही कर रहा है।"
मंदाकिनी का सुपरस्टार बनने का सफर
जानकारी के लिए बता दें कि मंदाकिनी ने साल 1985 में फिल्म ‘राम तेरी गंगा मैली’ से बॉलीवुड में कदम रखा था। यह फिल्म सुपरहिट साबित हुई और मंदाकिनी रातोंरात स्टार बन गईं। हालांकि, कुछ फिल्मों के बाद उन्होंने इंडस्ट्री से दूरी बना ली।