न्यूज़
FIFA 2026 Yogi Adityanath Jyotish Donald Trump Narendra Modi Rahul Gandhi

फिल्म समीक्षा : लाजवाब निर्देशन, दमदार कथानक और बेहतरीन अभिनय का संगम है कंगना रनौत की इमरजेंसी

कंगना ने न सिर्फ कथानक को मजबूत रखा है अपितु उसे अपने निर्देशन में परदे पर बेहतरीन तरीके से उकेरा है।

Posts by : Rajesh Bhagtani | Updated on: Sat, 18 Jan 2025 1:08:19

फिल्म समीक्षा : लाजवाब निर्देशन, दमदार कथानक और बेहतरीन अभिनय का संगम है कंगना रनौत की इमरजेंसी

लम्बे समय से चर्चाओं में रही कंगना रनौत अभिनीत और निर्देशित फिल्म इमरजेंसी 17 जनवरी को सिनेमाघरों में पहुँची। भारतीय इतिहास के सबसे विवादित दौर की झलक पेश करने वाली इस फिल्म के बारे में जो कुछ हमने सोच रखा था यह फिल्म उससे कहीं बेहतर है। कंगना ने न सिर्फ कथानक को मजबूत रखा है अपितु उसे अपने निर्देशन में परदे पर बेहतरीन तरीके से उकेरा है। हालांकि फिल्म थोड़ी लंबी है, जिसकी वजह से कुछ जगह यह धीमी महसूस होती है, लेकिन यह खामी इसके प्रभावशाली कंटेंट के आगे छोटी लगती है। असरदार निर्देशन, बेहतरीन सिनेमैटोग्राफी और जबरदस्त बैक ग्राउंड म्यूजिक के चलते फिल्म अपना असर कम नहीं होने देती है।

कंगना रनौत की फिल्म 'इमरजेंसी' भारतीय राजनीति के उस काले अध्याय को पर्दे पर लेकर आती है, जिसने 1975 से 1977 के बीच भारतीय लोकतंत्र की जड़ों को हिला दिया। यह फिल्म तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के सख्त शासन और तानाशाही फैसलों पर केंद्रित है। कहानी का फोकस 21 महीने तक चले आपातकाल पर है, जिसमें नागरिक स्वतंत्रताएं खत्म कर दी गई थीं।

फिल्म में बांग्लादेश स्वतंत्रता युद्ध, ऑपरेशन ब्लू स्टार, खालिस्तानी आंदोलन और इंदिरा गांधी की हत्या जैसी ऐतिहासिक घटनाओं का जिक्र किया गया है। लेकिन इन घटनाओं के बीच कहानी इमरजेंसी के दौर के राजनीतिक और भावनात्मक पहलुओं पर ज्यादा जोर देती है।

असरदार निर्देशन, बेहतरीन सिनेमैटोग्राफी


कंगना रनौत ने फिल्म का निर्देशन स्वयं ने ही किया है। उन्होंने ऐतिहासिक घटनाओं और मानवीय पहलुओं के बीच बेहतरीन तालमेल रखा है। पूरी फिल्म में 70 के दशक की झलक नजर आती है। कंगना ने कहानी को निष्पक्ष रहते हुए भारतीय राजनीति के जटिल पहलुओं को सामने रखा है। कंगना के निर्देशन के अलावा फिल्म की सिनेमेटोग्राफी भी कमाल की है। जो उस दौर को जीवंत करने में पूरी तरह सफल रही है। इसमें बेहतरीन सिनेमेटोग्राफी और ऐतिहासिक घटनाओं की सटीक प्रस्तुति देखने को मिलेगी।

प्रभावशाली अभिनय


इंदिरा गांधी के रूप में कंगना रनौत ने कमाल का काम किया है। उनका लुक, हावभाव प्रभावशाली रहे हैं, लेकिन उनकी संवाद अदायगी कुछ कमजोर रही है। कुछ संवादों में जहाँ उनकी आवाज में जोश और गरमाहट नजर आनी चाहिए थी, वह नहीं है। संजय गांधी के किरदार में विषाक नायर उनके व्यक्तित्व को प्रभावशाली तरीके से परदे पर उतारा है। जयप्रकाश नारायण के संघर्षशील व्यक्तित्व को अनुपम खेर ने बड़े प्रभावशाली ढंग से पेश किया है। सतीश कौशिक ने जगजीवन राम के किरदार में अपनी छाप छोड़ी है। यह उनकी मृत्यु के बाद प्रदर्शित होने वाली दूसरी फिल्म है। इससे पहले उनके निर्देशन व अभिनय से सजी फिल्म कागज-2 का प्रदर्शन हुआ था।

महिमा चौधरी ने इस फिल्म में इंदिरा गांधी की करीबी मित्र पूपुल जयकर की भूमिका निभाई है। उन्होंने अपने अभिनय से भावनात्मक गहराई जोड़ी है। मिलिंद सोमन ने फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ का किरदार बखूबी निभाया है।

इन सहायक कलाकारों में सबसे प्रभावशाली अभिनय श्रेयस तलपड़े का रहा है, जिन्होंने अटल बिहारी वाजपेयी की भूमिका निभाई है। एक नेता, कवि के रूप में उनके चेहरे के भाव गजब के हैं। वैसे भी श्रेयस तलपड़े इन दिनों पुष्पा 2: द रूल में अल्लू अर्जुन को दी अपनी आवाज के चलते खासी चर्चाओं में हैं। यहाँ दर्शक उनके अभिनय को देखकर थोड़ा चकित होता है और सोचता है कि इस अदाकार को अभी कोई दमदार भूमिका क्यों नहीं मिली।

अपनी उपस्थिति दर्ज करवाता है संगीत

फिल्म का म्यूजिक बेहद ही प्रभावशाली है। खास करके ‘सिंहासन खाली करो’ और ‘सरकार को सलाम है’ जैसे गाने फिल्म के संदेश को असरदार तरीके से दर्शकों तक पहुंचाते हैं। बैकग्राउंड स्कोर कहानी में गहराई जोड़ता है।

कुल मिलाकर यह फिल्म राजनीति में रुचि रखने वालों के साथ-साथ उन दर्शकों को खास पसन्द आएगी जो कंगना रंनौत के हार्ड कोर प्रशंसक हैं।

राज्य
View More

Shorts see more

क्या लव बाइट जानलेवा हो सकता है? जानें कब बनता है यह गंभीर खतरा और किन उपायों से पा सकते हैं राहत

क्या लव बाइट जानलेवा हो सकता है? जानें कब बनता है यह गंभीर खतरा और किन उपायों से पा सकते हैं राहत

  • लव बाइट प्यार की निशानी है, लेकिन कभी-कभी खतरे की वजह भी बन सकती है।
  • एक छोटा सा निशान स्ट्रोक जैसी गंभीर समस्या से जुड़ा हो सकता है।
  • जानिए कब हिक्की सामान्य है और कब सतर्क होने की जरूरत है।
read more

ताजा खबरें
View More

'कलंक लेकर अयोध्या नहीं छोड़ूंगा', राम मंदिर चढ़ावा विवाद के बीच चंपत राय का बयान, टिन्नू यादव पर जताई नाराजगी
'कलंक लेकर अयोध्या नहीं छोड़ूंगा', राम मंदिर चढ़ावा विवाद के बीच चंपत राय का बयान, टिन्नू यादव पर जताई नाराजगी
राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच ने पकड़ी रफ्तार, 70 लोगों को भेजे गए नोटिस; कई स्तरों पर होगी पूछताछ
राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच ने पकड़ी रफ्तार, 70 लोगों को भेजे गए नोटिस; कई स्तरों पर होगी पूछताछ
केतन अग्रवाल हत्याकांड: जांच के लिए 300 फीट खाई में गिराई फाइबर डमी, लोहागढ़ पर फिर रीक्रिएट हुआ क्राइम सीन
केतन अग्रवाल हत्याकांड: जांच के लिए 300 फीट खाई में गिराई फाइबर डमी, लोहागढ़ पर फिर रीक्रिएट हुआ क्राइम सीन
क्या आप जानते हैं चेहरे पर भौंहें क्यों होती हैं? वजह जानकर हो जाएंगे हैरान
क्या आप जानते हैं चेहरे पर भौंहें क्यों होती हैं? वजह जानकर हो जाएंगे हैरान
'कॉकटेल 2' की रफ्तार बरकरार, 12वें दिन कमाई में आया उछाल; 100 करोड़ क्लब से अब बस कुछ कदम दूर
'कॉकटेल 2' की रफ्तार बरकरार, 12वें दिन कमाई में आया उछाल; 100 करोड़ क्लब से अब बस कुछ कदम दूर
सिया गोयल के समर्थन में पोस्ट करना महिला डेंटिस्ट को पड़ा महंगा, #IHateMen लिखने पर 5 साल के लिए निलंबित
सिया गोयल के समर्थन में पोस्ट करना महिला डेंटिस्ट को पड़ा महंगा, #IHateMen लिखने पर 5 साल के लिए निलंबित
लोहागढ़ किले पर होगा सिया के ब्वॉयफ्रेंड चेतन का 'सीक्रेट टेस्ट', फॉरेंसिक जांच से सामने आएगा पूरा सच
लोहागढ़ किले पर होगा सिया के ब्वॉयफ्रेंड चेतन का 'सीक्रेट टेस्ट', फॉरेंसिक जांच से सामने आएगा पूरा सच
जैस्मीन भसीन ने साझा किया हेल्थ अपडेट, बोलीं- अभी पूरी तरह खतरे से बाहर नहीं हूं
जैस्मीन भसीन ने साझा किया हेल्थ अपडेट, बोलीं- अभी पूरी तरह खतरे से बाहर नहीं हूं
खान सर को अभी नहीं मिली राहत, अग्रिम जमानत पर 3 जुलाई को होगी सुनवाई; पटना हाई कोर्ट में दायर हुई जनहित याचिका
खान सर को अभी नहीं मिली राहत, अग्रिम जमानत पर 3 जुलाई को होगी सुनवाई; पटना हाई कोर्ट में दायर हुई जनहित याचिका
'लॉक अप: सच या सजा 2' में कंगना रनौत की होगी खास एंट्री, पहले एलिमिनेशन में बढ़ेगा रोमांच; 5 कंटेस्टेंट्स पर लटकी बाहर होने की तलवार
'लॉक अप: सच या सजा 2' में कंगना रनौत की होगी खास एंट्री, पहले एलिमिनेशन में बढ़ेगा रोमांच; 5 कंटेस्टेंट्स पर लटकी बाहर होने की तलवार
पश्चिम बंगाल: 'शहीद दिवस' कार्यक्रम पर पुलिस की रोक से नाराज टीएमसी, कलकत्ता हाई कोर्ट में चुनौती देने की तैयारी
पश्चिम बंगाल: 'शहीद दिवस' कार्यक्रम पर पुलिस की रोक से नाराज टीएमसी, कलकत्ता हाई कोर्ट में चुनौती देने की तैयारी
'वेलकम टू द जंगल' से क्यों अलग हुए संजय दत्त? शूटिंग पूरी करने के बाद भी छोड़नी पड़ी फिल्म, निर्देशक अहमद खान ने बताई वजह
'वेलकम टू द जंगल' से क्यों अलग हुए संजय दत्त? शूटिंग पूरी करने के बाद भी छोड़नी पड़ी फिल्म, निर्देशक अहमद खान ने बताई वजह
होटल जैसा चिकन नान अब घर पर बनाएं, आसान रेसिपी से मिनटों में मिलेगा लाजवाब स्वाद
होटल जैसा चिकन नान अब घर पर बनाएं, आसान रेसिपी से मिनटों में मिलेगा लाजवाब स्वाद
'वेलकम टू द जंगल' की कमाई में आया उछाल, भारत में 81 करोड़ का आंकड़ा पार; वर्ल्डवाइड कलेक्शन 120 करोड़ के पार पहुंचा
'वेलकम टू द जंगल' की कमाई में आया उछाल, भारत में 81 करोड़ का आंकड़ा पार; वर्ल्डवाइड कलेक्शन 120 करोड़ के पार पहुंचा