
ग्रहों की दुनिया से एक अहम खबर है जो उन लोगों के लिए खास मायने रखती है जो ज्योतिष में विश्वास रखते हैं। ग्रहों के न्यायाधीश माने जाने वाले शनि देव और ग्रहों के संचारक बुध देव जुलाई महीने में अपनी चाल बदलने जा रहे हैं। दोनों ही ग्रह मार्गी से वक्री हो जाएंगे, जिससे कुछ राशियों की ज़िंदगी में उतार-चढ़ाव आने की संभावना जताई जा रही है। इस परिवर्तन से कुछ को राहत मिलेगी तो कुछ को सावधानी बरतनी होगी।
शनि 13 जुलाई को मीन राशि में वक्री हो जाएंगे और तकरीबन 138 दिनों तक वक्री रहेंगे, यानी कि 28 नवंबर तक। वहीं, बुध 18 जुलाई को कर्क राशि में वक्री होंगे और 11 अगस्त तक ऐसे ही रहेंगे। इन ग्रहों की वक्री चाल का प्रभाव खासतौर पर तुला, वृश्चिक और कुंभ राशि वालों पर भारी पड़ सकता है। आइए जानें इन तीन राशियों के जीवन पर इसका क्या प्रभाव होगा:
तुला राशि – संभलकर रहें, छोटी-छोटी बातों से भी बन सकती है बड़ी समस्या
शनि और बुध की वक्री चाल तुला राशि वालों को कई मोर्चों पर परीक्षा में डाल सकती है। विशेषकर प्रोफेशनल लाइफ में तनाव और दिक्कतें महसूस हो सकती हैं। ऑफिस में किसी भी तरह की गॉसिप या राजनीति से दूर रहना ही समझदारी होगी, वरना आपकी छवि प्रभावित हो सकती है। इस समय सेहत में भी गिरावट आ सकती है, खासकर माइग्रेन या मानसिक तनाव जैसी स्थितियां सामने आ सकती हैं।
घरेलू जीवन में भी टकराव के आसार हैं। बात-बात पर बहस हो सकती है, इसलिए संवाद में संयम ज़रूरी है। छात्र वर्ग को भी अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ेगी, तभी अच्छे परिणाम संभव हैं।
वृश्चिक राशि – फैसले सोच-समझकर लें, रिश्तों में न आए दरार
वृश्चिक राशि के जातकों के लिए ये समय नए कामों की शुरुआत से बचने का है। शनि और बुध की वक्री चाल आपकी निर्णय क्षमता को प्रभावित कर सकती है। आप जो काम पहले आसानी से करते थे, वही अब कठिन लग सकता है।
इस समय अपने वैवाहिक जीवन और लव लाइफ में संतुलन बनाए रखने की कोशिश करें क्योंकि तनाव या अनबन की स्थिति बन सकती है। प्रोफेशनल लाइफ में भी सीनियर्स की सलाह को हल्के में ना लें, वरना नुकसान झेलना पड़ सकता है। साथ ही सेहत का विशेष ध्यान रखें, खासकर मानसिक थकावट या नींद की कमी से परेशानी हो सकती है।
कुंभ राशि – साढ़ेसाती का असर और बढ़ेगा, निवेश में सावधानी रखें
कुंभ राशि पर पहले से ही शनि की साढ़ेसाती चल रही है और अब वक्री चाल से मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। इस दौरान किसी भी तरह के निवेश या पैसे से जुड़े फैसलों को फिलहाल टाल देना बेहतर होगा।
प्रोफेशनल जीवन में फोकस बनाए रखें और किसी भी बहकावे में न आएं। अपने प्रदर्शन पर ध्यान दें, नहीं तो वरिष्ठ अधिकारियों की नाराज़गी झेलनी पड़ सकती है।
इस समय स्वास्थ्य पर भी विशेष ध्यान देने की ज़रूरत है। छोटी सी लापरवाही बड़ी बीमारी में बदल सकती है। अगर धन से जुड़ी परेशानियां सामने आएं तो घबराएं नहीं, धैर्य और योजना से काम लें।
डिस्क्लेमर: यह लेख धार्मिक मान्यताओं और पंचांग आधारित जानकारी पर आधारित है। किसी विशेष निर्णय या अनुष्ठान से पहले योग्य पंडित या ज्योतिषी से परामर्श अवश्य लें।














