‘सीना खून से तरबतर, गाड़ी के अंदर चीखता-रोता ड्राइवर…’ शुभेंदु अधिकारी के PA की हत्या का रोंगटे खड़े कर देने वाला मंजर

पश्चिम बंगाल में राजनीतिक हलकों को झकझोर देने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जिसमें बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी के बेहद करीबी और उनके निजी सहायक (PA) चंद्रनाथ रथ की बुधवार देर रात गोली मारकर हत्या कर दी गई। यह वारदात कोलकाता के नजदीक मध्यमग्राम क्षेत्र में हुई, जहां हमलावरों ने उनकी कार को चारों ओर से घेरकर अचानक गोलियों की बौछार कर दी। जानकारी के अनुसार, इस हमले को अंजाम देने के लिए चार मोटरसाइकिलों पर सवार होकर करीब आठ हमलावर पहुंचे थे। प्रत्यक्षदर्शियों द्वारा बताई गई पूरी घटना इतनी भयावह थी कि सुनकर किसी का भी दिल कांप उठे।

‘साहब… आपको क्या हो गया…’ रोते-बिलखते ड्राइवर की चीखें


घटना के बाद मौके पर मौजूद एक चश्मदीद ने जो मंजर देखा, वह बेहद डरावना था। सड़क किनारे एक सफेद रंग की स्कॉर्पियो कार खड़ी थी, जिसके अंदर ड्राइवर पूरी तरह टूट चुका था और लगातार रोते हुए बस एक ही बात दोहरा रहा था—“साहब… आपको क्या हो गया!” वहां मौजूद लोगों के मुताबिक, जैसे ही वे वाहन के पास पहुंचे, उन्होंने देखा कि पिछली सीट पर बैठे चंद्रनाथ रथ खून से पूरी तरह सने हुए थे। उनके सीने से लगातार खून बह रहा था और उनकी सांसें बेहद धीमी पड़ रही थीं। वह उस समय जिंदा तो थे, लेकिन बोलने या प्रतिक्रिया देने की स्थिति में बिल्कुल नहीं थे। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और ड्राइवर को बिना देर किए दोनों को अस्पताल ले जाने की सलाह दी।

घर से कुछ ही दूरी पर रची गई घातक साजिश?

पुलिस की प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि यह पूरी घटना पहले से योजना बनाकर की गई प्रतीत होती है। चंद्रनाथ रथ उस रात कोलकाता से नॉर्थ 24 परगना के दोहारिया क्षेत्र (जेस्सोर रोड के पास) स्थित अपने आवास की ओर लौट रहे थे। तभी यह हमला हुआ।

सूत्रों के अनुसार, जैसे ही उनकी स्कॉर्पियो गाड़ी घर से मात्र लगभग 200 मीटर की दूरी पर पहुंची, तभी एक संदिग्ध कार ने उनका रास्ता रोक लिया। इस वाहन पर सिलीगुड़ी रजिस्ट्रेशन (WB 74) नंबर प्लेट लगी हुई बताई जा रही है। हालांकि, पश्चिम बंगाल के पुलिस महानिदेशक सिद्धार्थ नाथ गुप्ता के मुताबिक, जांच एजेंसियों को संदेह है कि यह नंबर प्लेट फर्जी भी हो सकती है।

इसी दौरान, अचानक चार मोटरसाइकिलों पर हेलमेट पहने हुए आठ हमलावर मौके पर पहुंच गए। जैसे ही गाड़ी की गति धीमी हुई, उन्होंने बेहद नजदीक से कम से कम चार राउंड गोलियां चलाईं और तुरंत वहां से फरार हो गए।
चंद्रनाथ को दो गोलियां, ड्राइवर की हालत गंभीर

गोलीबारी के तुरंत बाद घायल चंद्रनाथ रथ और उनके ड्राइवर बुद्धदेव बेरा को पास के अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक प्रतिम सेनगुप्ता के अनुसार, चंद्रनाथ के बाईं छाती में दो गोलियां लगी थीं और अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो चुकी थी। चिकित्सकों ने उन्हें बचाने के लिए सीपीआर भी दिया, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली।

वहीं दूसरी ओर, वाहन चला रहे ड्राइवर बुद्धदेव बेरा को भी गंभीर चोटें आई हैं। उन्हें तीन गोलियां लगीं—एक दाहिने सीने में, दूसरी पेट में और तीसरी दाहिने हाथ में। उनकी स्थिति को देखते हुए उन्हें तुरंत कोलकाता के अपोलो मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल में रेफर किया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। अस्पताल सूत्रों के मुताबिक, फिलहाल वह होश में हैं और डॉक्टरों की निगरानी में हैं।

अस्पताल में पहुंचे शुभेंदु अधिकारी, राजनीतिक हलचल तेज

इस जघन्य हत्याकांड के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बन गया। घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में बीजेपी कार्यकर्ता और समर्थक अस्पताल परिसर में पहुंच गए। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने भारी पुलिस बल तैनात कर दिया। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर मामले की जांच तेज कर दी है और हमलावरों की पहचान तथा हमले के पीछे के मकसद को समझने की कोशिश की जा रही है।

इसी बीच बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी स्वयं भी देर रात अस्पताल पहुंचे और हालात का जायजा लिया।

टीएमसी ने भी की कड़ी निंदा, राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप शुरू

इस पूरी घटना को लेकर राज्य की सियासत भी गरमा गई है। तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने इस हत्या की कड़े शब्दों में निंदा की है। पार्टी की ओर से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर जारी बयान में कहा गया कि मध्यमग्राम में चंद्रनाथ रथ की बेरहमी से हत्या बेहद निंदनीय है। साथ ही टीएमसी ने यह भी दावा किया कि पिछले तीन दिनों में चुनाव बाद हुई हिंसा के दौरान उनके तीन कार्यकर्ताओं की भी हत्या की गई है, जिसकी वे भी निंदा करते हैं।