पुष्कर घाटी में तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर का कहर: तीन बाइकों को कुचला, एक की मौत; कार से शराब की बोतलें मिलने पर पुलिस भी हैरान

अजमेर जिले के पुष्कर घाटी क्षेत्र में सोमवार रात करीब 9:45 बजे एक भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। पुष्कर से अजमेर की ओर जा रही एक तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर कार ने मोड़ पर अचानक नियंत्रण खो दिया और एक के बाद एक तीन मोटरसाइकिलों को बेरहमी से अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक सवार कई मीटर तक घसीटते चले गए और मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

इस दर्दनाक हादसे में अजमेर के धोलाभाटा निवासी 32 वर्षीय रवि कुमार, पुत्र किशन सिंह, की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वहीं, तीन अन्य युवक गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें तुरंत इलाज के लिए अजमेर के जेएलएन अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।

हादसे के बाद स्थिति और भी तनावपूर्ण हो गई जब फॉर्च्यूनर में सवार लोग मौके से वाहन छोड़कर पास की पहाड़ी की ओर फरार हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के बाद सड़क पर चीख-पुकार मच गई और स्थानीय लोग तुरंत मदद के लिए पहुंचे। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया।

पुलिस जांच में फॉर्च्यूनर कार के अंदर से बड़ी मात्रा में शराब की बोतलें बरामद हुई हैं, जिससे मामले ने नया मोड़ ले लिया है। प्रारंभिक तौर पर पुलिस इस हादसे को अत्यधिक तेज रफ्तार और संभावित नशे की हालत में वाहन चलाने से जोड़कर देख रही है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही होगी।

जानकारी के अनुसार, अजमेर के नगरा निवासी जितेंद्र उर्फ सोनू अपने साले रवि कुमार के साथ बाइक पर पुष्कर की ओर जा रहे थे। उसी दौरान शास्त्री नगर निवासी रोहित अपने चाचा मधुसूदन वैष्णव के साथ दूसरी बाइक पर उसी मार्ग से गुजर रहे थे। जैसे ही ये सभी पुष्कर घाटी के मोड़ पर पहुंचे, सामने से आ रही अनियंत्रित फॉर्च्यूनर ने पहले एक बाइक को टक्कर मारी और फिर लगातार दो अन्य बाइकों को भी रौंद दिया। टक्कर इतनी भयावह थी कि कई वाहन आपस में बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए।

घटना के बाद पुष्कर घाटी मार्ग पर दोनों ओर लंबा जाम लग गया, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त वाहनों को हटवाया और यातायात को धीरे-धीरे बहाल किया।

स्थानीय लोगों और घायलों के परिजनों में इस घटना को लेकर गहरा आक्रोश देखा जा रहा है। उनका कहना है कि सड़क पर लगातार हो रही ऐसी लापरवाह घटनाएं प्रशासन की सख्ती की कमी को दर्शाती हैं। कई लोगों ने मौके पर ही कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई।
सीओ ग्रामीण रामचंद्र चौधरी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार को हादसे का प्रमुख कारण माना जा रहा है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त फॉर्च्यूनर को कब्जे में ले लिया है और पूरे मामले की हर पहलू से गहन जांच की जा रही है।

पुलिस अब वाहन के रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर मालिक की पहचान करने और घटना के समय कार चला रहे व्यक्ति का पता लगाने में जुटी है। इसके साथ ही कार से मिली शराब की बोतलों की भी अलग से जांच की जा रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हादसा नशे की हालत में हुआ था या नहीं।

अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।