राजस्थान इन दिनों झुलसाने वाली गर्मी की चपेट में है और हालात लगातार गंभीर होते जा रहे हैं। राज्य के कई हिस्सों में तापमान सामान्य से काफी ऊपर पहुंच गया है। पिलानी और चित्तौड़गढ़ सबसे अधिक गर्म जिलों में शामिल रहे, जहां अधिकतम तापमान 46.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सोमवार (18 मई) को राज्य के लगभग सभी प्रमुख शहरों में पारा 41 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना रहा, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ।
राजधानी जयपुर में भी गर्मी का असर साफ देखा गया, जहां तापमान 43.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले 4 से 5 दिनों तक हीटवेव की स्थिति बनी रहने की संभावना है, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ सकती है। इसी को देखते हुए मंगलवार (19 मई) के लिए कई जिलों में अलर्ट जारी किया गया है, जहां कुछ जगहों पर येलो और कुछ में ऑरेंज अलर्ट लागू किया गया है।
कई जिलों में 45 डिग्री से ऊपर पहुंचा तापमानमौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार राज्य के कई शहरों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया है। श्रीगंगानगर में तापमान 46.1 डिग्री तक पहुंच गया, जबकि बीकानेर में 46 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। इसके अलावा वनस्थली में 45.6 डिग्री, फतेहपुर में 45.5 डिग्री, कोटा में 45.3 डिग्री, बाड़मेर और चूरू में 45.1 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया। इन आंकड़ों से साफ है कि राजस्थान के कई हिस्सों में भीषण गर्मी ने हालात बेहद कठिन बना दिए हैं।
मौसम विभाग ने बताया कि बारां, झालावाड़, कोटा, प्रतापगढ़, बालोतरा, जोधपुर और श्रीगंगानगर जैसे जिलों में येलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं चित्तौड़गढ़, बाड़मेर, बीकानेर, जैसलमेर और फलोदी जैसे क्षेत्रों में हीटवेव को लेकर ऑरेंज अलर्ट लागू किया गया है, जहां स्थिति और अधिक गंभीर हो सकती है।
धूलभरी आंधी से और बिगड़ सकते हैं हालातमौसम विशेषज्ञों के अनुसार इस पूरे सप्ताह राज्य में मौसम मुख्य रूप से शुष्क बना रहने की संभावना है। पश्चिमी राजस्थान के सीमावर्ती इलाकों के साथ-साथ दक्षिण-पूर्वी क्षेत्रों में भी लू जैसे हालात बने रह सकते हैं। इसके अलावा अगले 4 से 5 दिनों के दौरान पश्चिमी, उत्तरी और पूर्वी राजस्थान में 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धूलभरी तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया गया है, जिससे गर्मी के साथ-साथ धूल का असर भी बढ़ सकता है।
प्रशासन और मौसम विभाग ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। दोपहर के समय अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और धूप से बचाव के उपाय करने की अपील की गई है, क्योंकि आने वाले दिनों में तापमान और अधिक बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।