पुलवामा हमले के दो दिन बाद शनिवार को भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान सीमा के समीप अपनी मारक क्षमता का प्रदर्शन करने के लिए जैसलमेर के पोखरण स्थित चांधन फील्ड फायरिंग रेंज में देश का सबसे बड़ा युद्धाभ्यास (फायर फॉर डिमॉन्स्ट्रेशन) वायुशक्ति-2019 संचालित किया। यह युद्धाभ्यास ऐसे समय में हुआ है जब महज दो दिन पहले जम्मू कश्मीर के पुलवामा में पाकिस्तान स्थित आतंकी समूह जैश ए मोहम्मद के आत्मघाती हमले में सीआरपीएफ के 40 जवान शहीद हो गये। इस दौरान 130 से ज्यादा फाइटर प्लेन और हेलीकॉप्टर और एडवांस्ड लाइट हेलीकॉप्टर जैसे विमान शामिल रहें। वायुशक्ति अभ्यास के दौरान वायुसेना ने हल्के लड़ाकू विमान तेजस, उन्नत हल्के लड़ाकू हेलीकॉप्टर जैसे देशी जंगी वायुयानों की मारक क्षमता एवं सतह से हवा में मार करने वाली आकाश एवं हवा से हवा में मार करने वाली अस्त्र मिसाइल की प्रभावकारिता का प्रदर्शन किया।
वायुसेना प्रमुख बीएस धनोआ ने इस कार्यक्रम के दौरान कहा वायुसेना सरकार के आदेश का पालन करने के लिए तैयार है। वायुसेना हर तरह की जिम्मेदारी उठाने के लिए तैयार है। इस दौरान क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर भी मौजूद रहे।
#Visuals of Vayu Shakti 2019, firepower demonstration of the Indian Air Force at Pokhran Range in Rajasthan. Indian Air Force chief BS Dhanoa and Sachin Tendulkar present. pic.twitter.com/xHy75ChoNY
— ANI (@ANI) Februहवा से जमीन में मार करने वाले विमानों में स्वदेशी एयरक्राफ्ट हथियारों का दबदबा दिखा। इस युद्धाभ्यास में सुखोई-30, मिग-29, मिराज-2000, जगुआर, मिग-27 जैसे फ्रंटलाइन फाइटर एयक्राफ्ट भी शामिल रहे। साथ ही स्वदेशी तेजस और एडवांस्ड लाइट हेलिकॉप्टर रुद्र ने भी फायरिंग में हिस्सा लिया। वायुसेना का यह कार्यक्रम हर तीन साल में आयोजित किया जाता है। इस बार वायुसेना का थीम 'वायु शक्ति' रखा गया था। इस बार वायुसेना ने अपने शानदार मिग -21 बाइसन, मिग -27 यूपीजी, मिग -29, जगुआर, एलसीए (तेजस), मिराज -2000, सु -30 एमकेआई, हॉक, सी -130 जे सुपर हरक्यूलिस, एन -32, एमआई -17 वी 5, एमआई -35 हमले के हेलीकाप्टरों, स्वदेशी रूप से विकसित AEW & C और उन्नत लाइट हेलीकाप्टर (ALH MK-IV) वीमानों ने इस अभ्यास में हिस्सा लिया।














