
राजधानी जयपुर के नाहरगढ़ रेस्क्यू सेंटर में सोमवार शेरनी बेगम की मौत हो गई। ये शेरनी साल 2005 में एक सर्कस से रेस्क्यू करके यहां लाई गई थी। इसका करीब एक साल से पैरालाइसिस का इलाज भी चल रहा था, लेकिन आज उसकी उपचार के दौरान मौत हो गई। ये सबसे उम्रदराज शेरनी बताई जा रही हैं, जिसकी उम्र 30 वर्ष थी।
रेस्क्यू सेंटर के अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक शेरनी बेगम को वर्ष 2005 में झारखण्ड राज्य से नटराज सर्कस से मुक्त करवाकर नाहरगढ़ रेस्क्यू सेंटर लाया गया था। उस समय इसकी उम्र करीब 15 साल बताई गई थी। इस हिसाब से ये शेरनी रेस्क्यू सेंटर में सबसे उम्र दराज थी, जो आज मर गई। शेरनी के मरने के बाद उसका पोस्टमार्टम करके अंतिम संस्कार किया गया।
दो दिन से छोड़ रखा था खाना-पीना
रेस्क्यू सेंटर के अधिकारियों के मुताबिक उम्र दराज होने और बीमारी के कारण शेरनी बेगम ने पिछले दो दिन से सब कुछ खाना-पीना छोड़ दिया था। इस दौरान डॉक्टर्स से उसका इलाज भी करवाया, लेकिन कोई फर्क नहीं पड़ा। आज सुबह शेरनी ने दम तोड़ दिया। बताया जा रहा हैं कि आमतौर पर शेर 18 से 20 साल जीते हैं, लेकिन ये शेरनी सबसे उम्रदराज मानी जाती हैं।
भोपाल में हुई थी 28 साल के रामू की मौत
इससे पहले सबसे उम्रदराज शेर रामू की मौत भोपाल में साल 2016 में मौत हुई थी, उस समय रामू की मौत 28 साल बताई जा रही थी। ये शेर भी पैरालाइसिस की बीमारी से ग्रसित था। उस समय रामू को सबसे उम्रदराज शेर बताया गया था।














