
जब भी किसी युवती से दुष्कर्म होता हैं टी वह चाहती है कि आरोपी को इसकी सजा मिले। लेकिन इसके उलट उत्तर प्रदेश के महराजगंज में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया जिसमें पीड़िता अपने ही दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार शख्स को बचाने थाने पहुंच गई। इस स्थिति को देख वहां मौजूद लोग आश्चर्यचकित हो गए कि जिस लड़की के साथ दुराचार करने का आरोपी है, उसी युवक को जेल भेजने से रोकने के लिए स्वयं थाने पहुंचकर जिद्द कर रही है। थानाध्यक्ष ने उसे काफी समझा बुझाकर सुरक्षा प्रदान करते हुए उसके माता-पिता के साथ घर पहुंचवाया।
बीते 4 अक्टूबर को जिस किशोरी के साथ दुष्कर्म के आरोप में युवक गिरफ्तार हुआ। उसको छुड़ाने के लिए स्वयं अपने माता पिता के साथ कथित पीड़िता प्रेमिका थाने पहुंच गई। थाने पहुंचकर बालिका ने आरोपी प्रेमी को जेल भेजने से पुलिस को रोकने के लिए जिद्द करने लगी।
ये है पूरा मामला
दरअसल, 4 अक्तूबर को किशोरी के साथ गैंगरेप होने की सूचना के बाद पीड़िता को इलाज के लिए सिसवा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर लाया गया। इस घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस प्रशासन सक्रिय हो गई। पीड़िता के पिता की तहरीर पर कोठीभार पुलिस ने तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर मुख्य आरोपी को हिरासत में लेकर पिंडलियां को चिकित्सकीय परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेज दिया।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार चिकित्सकीय परीक्षण में सामूहिक नहीं बल्कि मात्र एक व्यक्ति द्वारा दुष्कर्म किया जाना पाया गया है। पीड़िता ने न्यायालय में दिए गए बयान में भी स्वीकार किया है कि मुख्य अभियुक्त से उसके संबंध पहले से थे, केवल उसी ने उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए हैं। चूकि बालिका अल्पव्यस्क होने के कारण शारीरिक संबंध बनाना भी अपराध है।
ऐसे में आरोपी को संबंधित धारा में न्यायालय में प्रस्तुत करना पुलिस की जिम्मेदारी है। ऐसे में अपने आऱोपी प्रेमी को जेल भेजने से पुलिस को रोकने के लिए स्वयं किशोरी अपने परिजनों के साथ थाने पहुंच गई और आरोपी से मिलने तथा उसी के साथ रहने की जिद्द पर अड़ गई। थानाध्यक्ष कोठीभार अमरजीत यादव ने बताया कि किशोरी को समझा कर घर भेज दिया गया है।














