
डीडवाना-कुचामन जिले में पुलिस ने गुरुवार को एक बड़े अवैध शराब नेटवर्क का भंडाफोड़ किया। डीडवाना मौलासर पुलिस और डीएसटी की संयुक्त टीम ने एक मकान पर छापा मारकर वहां चल रही गुप्त शराब फैक्ट्री का खुलासा किया। हैरानी की बात यह रही कि शराब निर्माण की पूरी व्यवस्था जमीन के नीचे बने एक बंकर में संचालित की जा रही थी। छापेमारी के दौरान बड़ी मात्रा में स्प्रिट, तैयार शराब और पैकिंग सामग्री जब्त की गई। पुलिस ने मकान मालिक को मौके से गिरफ्तार कर लिया।
जमीन के भीतर मिला गुप्त बंकर
डीएसटी प्रभारी एएसआई जीव राज सिंह ने बताया कि जब घर की तलाशी ली गई तो फर्श के नीचे एक गुप्त बंकर का पता चला। इस बंकर में स्प्रिट से भरे ड्रम, शराब की पेटियां, खाली पव्वे, ढक्कन, नकली ब्रांडों के लेबल तथा पैकिंग मशीनें बड़े पैमाने पर छिपाकर रखी गई थीं। टीम ने उस वाहन को भी सीज किया, जिसका उपयोग नकली शराब और सामग्री को इधर-उधर पहुंचाने में किया जाता था। पुलिस ने मामले में घर के मालिक गोपालराम मेघवाल पुत्र भंवरलाल मेघवाल को गिरफ्तार कर लिया है। अब उससे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में पूछताछ की जा रही है।
नकली शराब माफिया के खिलाफ पुलिस की सख्त कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक ऋचा तोमर ने बताया कि जिले में अवैध शराब के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इस कार्रवाई के चलते नकली शराब कारोबारियों पर बड़ा प्रहार हुआ है। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में ऐसे अवैध धंधों में लिप्त लोगों के विरुद्ध और भी कड़े कदम उठाए जाएंगे।
छापेमारी की खबर फैलते ही क्षेत्र में चर्चा का माहौल बन गया और ग्रामीण इस पूरे नेटवर्क के खुलासे का इंतजार कर रहे हैं।
कार्रवाई में मिली बड़ी मात्रा में शराब
टीम ने छापे के दौरान भारी मात्रा में अवैध सामग्री जब्त की, जिसमें शामिल है—
दो अलग-अलग ड्रमों से 70 लीटर स्प्रिट
कुल 71 पेटियां तैयार शराब की, जिनमें 3409 पव्वे थे
पैकिंग और निर्माण में उपयोग होने वाले उपकरण, लेबल और मशीनें
पुलिस का कहना है कि बरामदगी से यह साफ पता चलता है कि यह एक संगठित और बड़े पैमाने पर चल रहा रैकेट था, जिसे लंबे समय से बंकर जैसी सुरक्षित जगह में छिपाकर संचालित किया जा रहा था।














