महाराष्ट्र सरकार ने खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के संकेत दिए हैं। महाराष्ट्र के गृह राज्य मंत्री और खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) राज्य मंत्री योगेश कदम ने कहा है कि दूध, पनीर और एनालॉग पनीर में मिलावट करने वालों के खिलाफ महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण कानून यानी MCOCA लगाने पर विचार किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि राज्य के अलग-अलग हिस्सों में FDA की कार्रवाई लगातार जारी है।
मिलावट पर सरकार का सख्त रुख
योगेश कदम के मुताबिक, खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों को कानून की कमियों का फायदा उठाकर बच निकलने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने विशेष रूप से दूध, पनीर और एनालॉग पनीर में मिलावट करने वालों के खिलाफ कड़े कदम उठाने की बात कही।
कदम ने बताया कि संभाजीनगर सहित महाराष्ट्र के कई इलाकों में FDA की ओर से कार्रवाई की जा रही है। सरकार का प्रयास है कि मिलावट के मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ प्रभावी कानूनी कार्रवाई हो और वे कानूनी खामियों का इस्तेमाल कर कार्रवाई से बच न सकें।
महाराष्ट्र में एनालॉग पनीर पर पहले से ही प्रतिबंध लागू होने की बात भी सामने आई है। ऐसे में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और मिलावट के मामलों को लेकर सरकार ने अपना रुख स्पष्ट किया है।
शरद पवार के NDA में शामिल होने पर क्या बोले कदम?
योगेश कदम ने राज्य की राजनीति को लेकर भी बड़ा बयान दिया। उन्होंने NCP के शरद पवार गुट के NDA में शामिल होने की संभावना से इनकार नहीं किया। उनका कहना था कि अगर आने वाले समय में शरद पवार की पार्टी NDA के साथ आती है, तो इसमें किसी को हैरानी नहीं होनी चाहिए और इसका स्वागत किया जाना चाहिए।
कदम ने इस संभावना के पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं के साथ शरद पवार और उनकी पार्टी के नेताओं की बढ़ती मुलाकातों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि शरद पवार जैसे अनुभवी नेता के गठबंधन में आने से उसे मजबूती मिल सकती है।
स्वतंत्रता दिवस को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पर भरोसा
15 अगस्त को लेकर महाराष्ट्र में सुरक्षा तैयारियों पर भी गृह राज्य मंत्री ने जानकारी दी। योगेश कदम ने कहा कि मुंबई पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं। उनके अनुसार, स्वतंत्रता दिवस का आयोजन सुरक्षित और उत्साहपूर्ण माहौल में कराने के लिए सुरक्षा व्यवस्था तैयार है।
ATS की कार्रवाई और सोशल मीडिया पर नजर
देश विरोधी गतिविधियों से जुड़े मामलों पर कदम ने कहा कि संदिग्ध गतिविधियों में शामिल लोगों पर सुरक्षा एजेंसियों की नजर बनी हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि सोशल मीडिया के जरिए देश विरोधी एजेंडा चलाने वालों की गतिविधियों पर निगरानी रखी जा रही है।
कदम के अनुसार, ऐसे मामलों में कानूनी कार्रवाई सबूतों के आधार पर की जा रही है। उन्होंने संकेत दिया कि सुरक्षा एजेंसियां संदिग्ध गतिविधियों को लेकर सतर्क हैं और आवश्यक होने पर कानून के तहत कड़े कदम उठाए जा रहे हैं।













