ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी को केंद्र सरकार की ओर से एक बड़ी और अहम जिम्मेदारी दी गई है। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद केंद्र ने जो सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल गठित किया है, उसमें ओवैसी को भी शामिल किया गया है। अब ओवैसी विदेशों में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे और भारत की आतंकवाद के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रस्तुत करेंगे।
पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद ओवैसी लगातार पाकिस्तान के खिलाफ बयान दे रहे हैं, जिससे पड़ोसी देश में भी उनकी चर्चाएं तेज हो गई हैं। इसी संदर्भ में ओवैसी ने चुटीले अंदाज़ में कहा कि अब तो हम पाकिस्तान के दूल्हा भाई बन गए हैं।
ओवैसी ने खुद को पाकिस्तान का दूल्हा भाई क्यों कहा?
AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने बताया कि उन्हें एक बेहद जिम्मेदार भूमिका दी गई है, जिसके तहत वे भारत की ओर से आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की जानकारी विश्व समुदाय को देंगे। उन्होंने अपने एक्स (पूर्व ट्विटर) अकाउंट पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें वह कहते हैं, "हम ही दूल्हा भाई हैं पाकिस्तान के। वहां कोई बाकी नहीं बचा, अब हम ही रह गए हैं। इतना बेबाक, इतना हैंडसम कोई नहीं दिख रहा पाकिस्तान वालों को। अब तो बस मैं ही दिख रहा हूं भारत को। सुनते रहो, देखते रहो मेरे प्यारे, ज्ञान बढ़ेगा। जो तुम्हारे दिमाग में भूसा है, वो साफ होगा। तुम्हारा अज्ञान भी खत्म होगा।"
#WATCH | Hyderabad, Telangana | AIMIM Chief Asaduddin Owaisi says, "... Pakistanis have not seen anyone else so outspoken or handsome. They only see me in India... They should keep listening to me; their knowledge will increase, and their ignorance will disappear." pic.twitter.com/YtSLORYfr
ओवैसी ने जताई जिम्मेदारी निभाने की प्रतिबद्धता
AIMIM नेता ने यह भी कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद भारत सरकार जहां भी भेजेगी, वह जाने को तैयार हैं। उन्होंने कहा कि यह कार्य देशहित में है और भारत का रुख हमेशा से आतंकवाद के विरोध में रहा है। पाकिस्तान द्वारा लगातार आतंकवाद को बढ़ावा दिए जाने की बात को वे दुनिया के सामने रखेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें उम्मीद है कि भारत सरकार उन्हें जल्द इस मिशन को लेकर पूरी जानकारी देगी और वह अपनी जिम्मेदारी को पूरी तरह निभाने की कोशिश करेंगे।














