कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और सांसद शशि थरूर ने एक बार फिर अपनी चुटीली शैली में अंतरराष्ट्रीय कूटनीति पर करारा तंज कसा है। इस बार निशाने पर है अमेरिका और पाकिस्तान के बीच हुआ तेल सहयोग समझौता, जिसे लेकर थरूर ने कहा कि अमेरिका को पाकिस्तान में तेल मिलने का भ्रम हो गया है। साथ ही उन्होंने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा भारत की अर्थव्यवस्था को 'मरी हुई' बताने वाली टिप्पणी को बेहद गंभीर और दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया। गुरुवार, 31 जुलाई 2025 को संसद भवन परिसर में मीडिया से बातचीत करते हुए तिरुवनंतपुरम से लोकसभा सांसद थरूर ने यह टिप्पणियाँ कीं। उनका यह बयान उस समय आया जब कुछ ही घंटे पहले ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया मंच 'ट्रूथ सोशल' पर घोषणा की कि अमेरिका और पाकिस्तान ने मिलकर पाकिस्तान के तेल भंडार के दोहन के लिए एक साझेदारी की शुरुआत की है। ट्रंप ने इसे एक 'महत्वाकांक्षी ऊर्जा गठबंधन' बताया, हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि यह परियोजना अभी शुरुआती चरण में है और किसी खास तेल कंपनी का चयन अब तक नहीं हुआ है।
"अगर अमेरिका वहां तेल ढूंढना चाहता है, तो उन्हें शुभकामनाएं"
थरूर ने व्यंग्य के साथ कहा, "मुझे लगता है कि अमेरिका को पाकिस्तान में तेल को लेकर कुछ ग़लतफहमी हो गई है। मैंने तो कभी नहीं सुना कि वहां कोई बड़ा तेल भंडार मौजूद है।" उन्होंने चुटकी ली, "हम कभी एक ही मुल्क का हिस्सा थे, फिर भी ऐसी किसी जानकारी का न तो ऐतिहासिक उल्लेख है और न ही किसी रिपोर्ट में इसका ज़िक्र। फिर भी, अगर अमेरिका को खुदाई करनी है, तो हम उन्हें दिल से शुभकामनाएं देते हैं।" उनका इशारा साफ था— पाकिस्तान को अमेरिका के साथ जोड़ी बनाने से कोई वास्तविक ऊर्जा लाभ नहीं मिलेगा, बल्कि यह सिर्फ राजनीतिक ढोंग जैसा प्रतीत हो रहा है।














