नोएडा: दिल्ली से सटे नोएडा के सेक्टर-18 स्थित व्यस्त बाजार क्षेत्र में शनिवार देर रात एक दुखद घटना सामने आई। सेक्टर-18 की मल्टी लेवल कार पार्किंग से एक महिला ने छलांग लगाकर कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और मौके पर मौजूद लोगों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल घटनास्थल पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। सेक्टर-18 नोएडा का प्रमुख व्यावसायिक केंद्र माना जाता है, जहां हर दिन दिल्ली-एनसीआर से बड़ी संख्या में लोग खरीदारी और अन्य कामों के लिए पहुंचते हैं।
मृतका की पहचान सीतू तलवार के रूप में हुईपुलिस जांच में मृतका की पहचान सीतू तलवार के रूप में हुई है। प्रारंभिक पूछताछ के दौरान पुलिस ने परिजनों से संपर्क किया, जिन्होंने बताया कि सीतू लंबे समय से अवसाद (डिप्रेशन) की समस्या से जूझ रही थीं। परिजनों के अनुसार, इससे पहले भी वह दो बार आत्महत्या का प्रयास कर चुकी थीं। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है और घटना से जुड़े अन्य तथ्यों को भी खंगाल रही है।
कुछ समय पहले सेक्टर-100 में भी हुई थी ऐसी ही घटनाइससे पहले नोएडा के सेक्टर-100 स्थित एक नामी आवासीय सोसाइटी में भी इसी तरह की दुखद घटना सामने आई थी। वहां 46 वर्षीय पारुल अग्रवाल ने 18वीं मंजिल से छलांग लगाकर कथित तौर पर आत्महत्या कर ली थी। घटना के बाद सोसाइटी परिसर में हड़कंप मच गया था और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था।
जानकारी के अनुसार, यह घटना सुबह करीब 9 बजे हुई थी। ऊंचाई से गिरने के कारण महिला की मौके पर ही मौत हो गई थी। शुरुआती जांच में सामने आया था कि वह मानसिक तनाव और डिप्रेशन से गुजर रही थीं। पुलिस ने मामले की जांच के दौरान उनके पति से भी पूछताछ की थी। पति ने बताया था कि उनकी पत्नी काफी समय से मानसिक तनाव का सामना कर रही थीं। परिवार उस सोसाइटी में किराए के मकान में रह रहा था।
सेक्टर-104 में भी सामने आ चुका है ऐसा मामलाजनवरी 2026 में नोएडा के सेक्टर-104 की एक पॉश सोसाइटी में भी आत्महत्या का एक मामला सामने आया था। यहां अनिल गर्ग नामक व्यक्ति ने 17वीं मंजिल से छलांग लगाकर अपनी जान दे दी थी। पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट भी मिला था, जिसमें उन्होंने अपनी जिंदगी से परेशान होने का जिक्र किया था। इस घटना ने भी पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया था।
यदि आप या आपका कोई परिचित मानसिक तनाव, अवसाद या आत्महत्या जैसे विचारों से जूझ रहा है, तो किसी विश्वसनीय परिजन, मित्र या मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से तुरंत बात करें। समय पर सहायता लेना जीवन बचा सकता है।