टोंक जिले से होकर गुजरने वाले नेशनल हाईवे 148D पर मंगलवार को एक गंभीर सड़क हादसा हुआ। तारण गांव के पास सवाई माधोपुर से टोंक जा रही यात्रियों से भरी राजस्थान रोडवेज की बस अचानक नियंत्रण खो बैठी और गहरे गड्ढे में जा गिरी, जिससे बस पलट गई। इस हादसे में एक दर्जन से अधिक यात्री घायल हो गए। घटनास्थल पर चीख-पुकार और अफरातफरी का माहौल बन गया, लेकिन आसपास के ग्रामीणों ने तुरंत मदद कर घायलों को बाहर निकाला और अस्पताल पहुंचाया।
बस तेज रफ्तार में थी, हादसा अचानक हुआबताया जा रहा है कि बस की रफ्तार काफी अधिक थी। ड्राइवर का नियंत्रण खो देना और हाईवे पर गहरे गड्ढे के कारण बस पलट गई। पलटने की आवाज दूर-दूर तक सुनाई दी, जिससे तारण गांव के लोग तत्काल घटनास्थल की ओर दौड़े।
ग्रामीणों की त्वरित मदद ने बचाई जानेंहादसे के तुरंत बाद तारण गांव के लोग मौके पर पहुंचे और बस के अंदर फंसे यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने में जुट गए। कुछ लोग खिड़कियों से अंदर घुसे, जबकि कुछ ने दरवाजे खोलकर यात्रियों को बाहर निकाला। स्थानीय पुलिस और एंबुलेंस को सूचित किया गया, लेकिन उनकी मदद में देरी हुई। इस दौरान ग्रामीणों ने अपने निजी वाहनों से घायलों को पास के अस्पताल पहुंचाना शुरू कर दिया। इस त्वरित कदम की वजह से गंभीर रूप से घायल कुछ यात्रियों की जान बचाई जा सकी। ग्रामीणों ने प्रशासन की धीमी प्रतिक्रिया पर भी नाराजगी जताई।
घायलों में महिलाएं और बच्चे भी शामिलहादसे में घायल यात्रियों में महिलाएं और बच्चे भी थे। कुछ यात्रियों को हल्की चोटें आईं, जबकि कुछ गंभीर चोटों से पीड़ित हैं, जैसे कि हड्डियों में फ्रैक्चर और सिर पर चोट। सभी घायलों का इलाज टोंक के अस्पताल में चल रहा है और डॉक्टरों के अनुसार उनकी हालत स्थिर है।
पुलिस ने शुरू की जांचपुलिस का प्रारंभिक कहना है कि बस ड्राइवर की लापरवाही और हाईवे पर मौजूद गड्ढे दोनों इस हादसे के कारण हो सकते हैं। जांच में यह भी देखा जाएगा कि ड्राइवर नशे में तो नहीं था या ओवरटेक करते समय नियंत्रण खो गया। साथ ही हाईवे पर गड्ढों की स्थिति की भी समीक्षा की जाएगी, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।