राजस्थान के सीकर जिले में स्थित खाटूश्यामजी मंदिर, जहां लाखों श्रद्धालु हर साल श्रद्धा से सराबोर होकर दर्शन के लिए आते हैं, वहां हाल ही में एक ऐसी दर्दनाक घटना घटी, जिसने लोगों को अंदर तक हिला दिया। भीगते हुए रास्ते, बरसात से भरे गड्ढे और श्रद्धा में डूबे चेहरों पर उस दिन खौफ और आंसू नजर आए, जब दुकानदारों ने खुद श्रद्धालुओं पर लाठियां बरसाईं।
इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है, जिसमें देखा जा सकता है कि कैसे पानी से भरे रास्ते में श्रद्धालुओं पर बेरहमी से डंडे चलाए जा रहे हैं। सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि महिलाओं को भी नहीं बख्शा गया। खाटूश्यामजी पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया है और अब तक चार लोगों को हिरासत में ले लिया गया है।
मध्य प्रदेश से आए श्रद्धालुओं पर टूटा कहरखाटूश्यामजी में जिन श्रद्धालुओं के साथ यह मारपीट हुई, वे मध्य प्रदेश के उज्जैन से आए थे। भक्ति में डूबे ये लोग कभी सोच भी नहीं सकते थे कि दर्शन के नाम पर उन्हें अपमान, हिंसा और डर का सामना करना पड़ेगा। श्रद्धालु निक्की जादम ने गहरी भावुकता के साथ कहा, हम श्याम बाबा के दर्शन के लिए निकले थे। बारिश हो रही थी, तो कुछ देर के लिए श्याम कुंड के पास एक दुकान के बाहर रुक गए। हमारी कुछ महिलाएं पीछे थीं, इसलिए हम रुके थे। लेकिन दुकानदार ने हमें बेहद अपमानजनक तरीके से हटने को कहा और तू-तड़ाक से बात करने लगा। हमने बस विनम्रता से बात करने की गुजारिश की थी, लेकिन उसने डंडा उठाकर मेरी सासू मां पर वार कर दिया।
उन्होंने आगे बताया, जब हम पुलिस के पास भागे तो कोई पुलिस वाला नहीं मिला। जब वापस आए, तो देखा कि वो हमारे अन्य साथियों को बेरहमी से पीट रहे थे।
महिलाओं की अस्मिता पर भी हमलाइस घटना की भयावहता यहीं नहीं रुकी। महिला श्रद्धालुओं ने बताया कि झगड़े के दौरान उनकी चेन, मंगलसूत्र और बालियां तक छीन ली गईं।
एक महिला की रुंधी हुई आवाज़ में बयान था – उन्होंने मेरा ब्लाउज पकड़कर खींचा, मंगलसूत्र और सोने की चेन जबरन खींच लिए, मेरी साड़ी की पिन भी निकल गईं... और फिर बहुत बुरी तरह मारा। हम चिल्ला भी नहीं पाए, बस डर के मारे कांपते रहे।
बच्चों तक को नहीं बख्शाएक छोटा बच्चा, जो वहां मौजूद था, डर और सदमे में बोला – हम एक दुकान के नीचे बारिश से बचने के लिए रुके थे। दुकान वाले भइया हमें हटाने लगे, हमने कहा जा रहे हैं, लेकिन वो मारने और गालियां देने लगे। हम बहुत डर गए थे। बच्चे की मासूम आवाज़ से झलकता डर उन पलों की भयावहता को बयां करता है।
पुलिस की कार्रवाई और स्थिति का खुलासाखाटूश्यामजी थाना प्रभारी पवन चौबे ने बताया कि, ये श्रद्धालु मध्य प्रदेश से आए थे और बारिश की वजह से दुकान की छांव में खड़े हो गए थे। इसी बात को लेकर विवाद हुआ। हमने मामले को गंभीरता से लेते हुए चार लोगों को भारतीय न्याय संहिता की धारा 170 के तहत गिरफ्तार किया है।
हालांकि श्रद्धालुओं का सवाल अब भी बना हुआ है – क्या भक्ति के नाम पर अब हिंसा भी झेलनी होगी?