जयपुर में विधानसभा और हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, ईमेल से मचा हड़कंप

राजस्थान की राजधानी जयपुर में एक बार फिर सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गईं, जब विधानसभा और हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी भरा ईमेल सामने आया। इस चेतावनी के मिलते ही पुलिस, फायर ब्रिगेड और अन्य जांच एजेंसियों की टीमें तुरंत सक्रिय हो गईं और संबंधित स्थानों पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेने लगीं। गौरतलब है कि इस साल यह छठी बार है जब इस तरह की धमकी मिली है, जिससे प्रशासन की चिंता और बढ़ गई है।

इससे पहले फरवरी महीने में 6, 17, 19 और 20 तारीख को इसी तरह के धमकी भरे ईमेल भेजे गए थे। इसके अलावा 17 मार्च को भी एक ऐसा ही मामला सामने आया था। ताजा ईमेल में न केवल विधानसभा और हाईकोर्ट, बल्कि सेशन कोर्ट को भी निशाना बनाने की बात कही गई है।

दोपहर में मिला मेल, प्रशासन में मची हलचल

जानकारी के अनुसार दोपहर करीब 1:15 बजे यह ईमेल प्राप्त हुआ, जिसके बाद पूरे प्रशासनिक तंत्र में हलचल मच गई। एहतियात के तौर पर एटीएस की टीम ने तुरंत जोधपुर कोर्ट परिसर पहुंचकर तलाशी अभियान शुरू कर दिया। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी अधिवक्ताओं और आम लोगों को कोर्ट परिसर से बाहर निकाल दिया गया।

यह भी सामने आया है कि इससे पहले तीन बार कोर्ट परिसर को इसी तरह उड़ाने की धमकी दी जा चुकी है, जिससे सुरक्षा एजेंसियों के सामने चुनौती और गंभीर हो गई है।
तलाशी अभियान जारी, संदिग्ध वस्तु नहीं मिली

धमकी मिलने के बाद से ही हथियारबंद सुरक्षाकर्मी विधानसभा और कोर्ट परिसर में सघन तलाशी अभियान चला रहे हैं। इंटेलिजेंस और साइबर टीम ईमेल के स्रोत का पता लगाने में जुटी हुई हैं, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इसके पीछे कौन है।

हालांकि प्रारंभिक जांच में अभी तक किसी भी प्रकार की संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई है, जिससे राहत की सांस जरूर मिली है, लेकिन सतर्कता बरकरार रखी गई है।

वकीलों ने जताई नाराजगी, कहा—प्रशासन करे सख्त कार्रवाई

लगातार मिल रही इन धमकियों को लेकर अधिवक्ताओं ने भी नाराजगी जताई है। उनका कहना है कि इस तरह के फर्जी मेल से न्यायिक कार्य प्रभावित हो रहा है और समय की बर्बादी हो रही है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे शरारती तत्वों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए।

उदयमंदिर थाना प्रभारी सीताराम खोजा ने बताया कि कोर्ट परिसर में पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है और पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं और हर पहलू पर नजर बनाए हुए हैं।