IPS अमित कुमार का माफियाओं पर सख्त वार, गैंगस्टर और नशा तस्करों के खिलाफ शुरू हुआ बड़ा अभियान

राजस्थान के झालावाड़ में अपराधियों और नशा तस्करों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़े स्तर पर कार्रवाई शुरू कर दी है। सोमवार (6 जुलाई) को कुख्यात गैंगस्टर संजय मीणा के अवैध कब्जे पर बुलडोजर चलाकर उसे ध्वस्त कर दिया गया। बताया जा रहा है कि आरोपी ने करोड़ों रुपये मूल्य की सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण कर रखा था। यह कार्रवाई जिले के पुलिस अधीक्षक (एसपी) आईपीएस अमित कुमार के नेतृत्व में चलाए जा रहे विशेष अभियान का हिस्सा है। जिलेभर में हिस्ट्रीशीटर, मादक पदार्थ तस्करों और सक्रिय अपराधियों की पहचान कर उनके खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। पुलिस प्रशासन अपराध पर प्रभावी नियंत्रण के लिए बदमाशों और तस्करों का विस्तृत रिकॉर्ड तैयार कर रणनीति के तहत अभियान चला रहा है।

27 वर्षों से पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज है हिस्ट्रीशीटर संजय मीणा


झालावाड़ के गंगधार क्षेत्र में प्रशासन ने सरकारी चरागाह भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को हटाते हुए करोड़ों की सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया। इस कार्रवाई के दौरान एक पक्की दुकान समेत अन्य अवैध निर्माणों को भी गिरा दिया गया। संजय मीणा गंगधार थाने का घोषित हिस्ट्रीशीटर है और पिछले करीब 27 वर्षों से पुलिस की निगरानी में रहा है। उसके खिलाफ वर्ष 1999 में मादक पदार्थ तस्करी का पहला मामला दर्ज हुआ था, जिसमें 1260 किलोग्राम अवैध डोडाचूरा बरामद किया गया था। इसके अलावा आरोपी पर जानलेवा हमला, अवैध वसूली, मारपीट, छेड़छाड़ और कई अन्य गंभीर आपराधिक मामलों में भी केस दर्ज हैं।

कई प्रतिष्ठित सम्मान हासिल कर चुके हैं आईपीएस अमित कुमार

आईपीएस अमित कुमार वर्ष 2018 बैच के अधिकारी हैं और अपने अब तक के सेवा काल में कई उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर चुके हैं। उन्हें उत्कृष्ट विवेचना के लिए 'यूनियन होम मिनिस्टर मेडल फॉर एक्सीलेंस इन इन्वेस्टिगेशन-2023' से सम्मानित किया जा चुका है। इसके अलावा उन्हें 'स्पेशल ड्यूटी मेडल-2022' भी मिला है। उनकी कार्यशैली को देखते हुए उन्हें दो बार डीजीपी डिस्क से भी सम्मानित किया जा चुका है। अब झालावाड़ में पदस्थापना के दौरान उन्होंने अपराधियों, भूमाफियाओं और नशा तस्करों के खिलाफ व्यापक अभियान शुरू किया है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
नशा तस्करों के ठिकानों पर भी चला प्रशासन का बुलडोजर

जिले में केवल गैंगस्टरों ही नहीं, बल्कि नशा तस्करों पर भी प्रशासन का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। राष्ट्रीय राजमार्ग-52 (NH-52) पर अवैध कब्जा कर संचालित किए जा रहे एक ढाबे पर भी प्रशासन ने भारी पुलिस बल की मौजूदगी में बुलडोजर कार्रवाई की। अधिकारियों के अनुसार यह ढाबा लंबे समय से नशीले पदार्थों की गतिविधियों का केंद्र बना हुआ था। सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) ने पुलिस सुरक्षा के बीच अवैध निर्माण को ध्वस्त किया।

ढाबे की आड़ में चल रही थी मादक पदार्थों की तस्करी

पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी करण सिंह और शुभकरण मीणा कथित तौर पर ढाबे की आड़ में लंबे समय से मादक पदार्थों की तस्करी का नेटवर्क संचालित कर रहे थे। दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत पहले से कई मामले दर्ज हैं। पुलिस अब उनकी अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों की भी जांच कर रही है और कानूनी प्रक्रिया के तहत उनके खिलाफ आगे की कार्रवाई तेज कर दी गई है। प्रशासन का कहना है कि जिले में संगठित अपराध, अवैध कब्जों और नशा तस्करी के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा, ताकि कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा सके।