बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) ने आखिरकार सीट बंटवारे का ऐलान कर दिया है। दिल्ली में हुई महत्वपूर्ण बैठक के बाद गठबंधन के घटक दलों के बीच सहमति बन गई। भाजपा (BJP) और जनता दल यूनाइटेड (JDU) दोनों बराबर 101-101 सीटों पर चुनाव लड़ेंगी। वहीं, चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) को 29 सीटें दी गई हैं, जबकि उपेंद्र कुशवाहा की राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) और जीतन राम मांझी की हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) को 6-6 सीटें मिली हैं।
पिछले कई दिनों से सीट बंटवारे को लेकर लगातार चर्चा और खींचतान जारी थी। आखिरकार 11 अक्टूबर को दिल्ली में एनडीए नेताओं की बैठक में अंतिम रूप दिया गया और अगले दिन, यानी 12 अक्टूबर को बिहार चुनाव प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान ने इसकी औपचारिक घोषणा की। चिराग पासवान ने भी इस पर प्रतिक्रिया देते हुए सोशल मीडिया पर लिखा कि “एनडीए परिवार ने सौहार्दपूर्ण माहौल में सीटों का बंटवारा पूरा किया है। अब हम एकजुट होकर बिहार के विकास के लिए काम करेंगे।”
चिराग और मांझी की मांगों पर बनी सहमतिसूत्रों के अनुसार, चिराग पासवान शुरू में 35 सीटों की मांग कर रहे थे, लेकिन कई दौर की बैठकों के बाद उन्होंने 29 सीटों पर सहमति जताई। वहीं, हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा के संस्थापक जीतन राम मांझी ने 15 सीटों की सूची भाजपा नेतृत्व को सौंपी थी, मगर अंततः उन्हें 6 सीटें दी गईं। इसके बावजूद मांझी ने गठबंधन के निर्णय को स्वीकार किया और अपनी वफादारी दोहराई।
मांझी ने कहा, “एनडीए में न कोई नाराजगी है और न कोई असहमति। हमें जितनी सीटें मिली हैं, वह आलाकमान का निर्णय है और हम इसका स्वागत करते हैं।” उनका यह बयान उन अटकलों को समाप्त करता है जिनमें कहा जा रहा था कि सीटों के बंटवारे को लेकर वे असंतुष्ट हैं।
सीट बंटवारे की जटिल प्रक्रियाजानकार बताते हैं कि इस बार सीट शेयरिंग तय करना आसान नहीं था। सभी दल अपनी स्थिति को मजबूत बनाए रखना चाहते थे। भाजपा और जेडीयू के बीच लंबे समय तक बातचीत चली, क्योंकि दोनों को बराबर सीटों पर चुनाव लड़ना था। वहीं, एलजेपी (रामविलास) के लिए संतुलन बनाना भाजपा के लिए चुनौती भरा रहा। आखिरकार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा शीर्ष नेतृत्व के हस्तक्षेप से सहमति बनी और यह सुनिश्चित किया गया कि एनडीए के सभी घटक एकजुट होकर चुनाव मैदान में उतरें।
बिहार में दो चरणों में होगा मतदानबिहार विधानसभा की कुल 243 सीटों के लिए दो चरणों में मतदान होगा। पहले चरण में 121 सीटों पर 6 नवंबर को वोटिंग होगी, जबकि दूसरे चरण में 11 नवंबर को 122 सीटों पर चुनाव होगा। मतगणना 14 नवंबर को की जाएगी। राज्य में इस बार लगभग 7 करोड़ 42 लाख मतदाता अपने मताधिकार का उपयोग करेंगे, जिनमें 3 करोड़ 92 लाख पुरुष और 3 करोड़ 49 लाख महिलाएं शामिल हैं।
चुनावी माहौल में नई ऊर्जाएनडीए के अंदर सीट बंटवारे की यह घोषणा चुनावी अभियान में नई ऊर्जा भरने का काम करेगी। भाजपा और जेडीयू का बराबर सीटों पर उतरना यह दिखाता है कि दोनों पार्टियां गठबंधन में समान साझेदारी के साथ आगे बढ़ना चाहती हैं। वहीं, चिराग पासवान को अपेक्षाकृत अधिक सीटें मिलने से यह साफ है कि भाजपा उन्हें एक महत्वपूर्ण सहयोगी के रूप में देख रही है।