आईपीएल 2026 का सफर Chennai Super Kings के लिए बेहद निराशाजनक अंदाज में समाप्त हुआ। टीम को अपने आखिरी लीग मुकाबले में Gujarat Titans के खिलाफ 89 रनों की करारी हार का सामना करना पड़ा, जिसके साथ ही चेन्नई का अभियान खत्म हो गया। इस सीजन की सबसे बड़ी चर्चा यह रही कि महान कप्तान MS Dhoni पूरे टूर्नामेंट में मैदान पर खेलते नजर नहीं आए। आईपीएल इतिहास में यह पहली बार हुआ जब धोनी ने लीग स्टेज का एक भी मुकाबला नहीं खेला।
सीजन समाप्त होते ही फैंस के बीच सबसे बड़ा सवाल यही उठने लगा है कि क्या धोनी आईपीएल 2027 में वापसी करेंगे या नहीं। गुजरात के खिलाफ मैच खत्म होने के बाद कप्तान Ruturaj Gaikwad से भी इसी मुद्दे पर सवाल पूछा गया, जिस पर उन्होंने दिलचस्प जवाब दिया।
धोनी के भविष्य पर गायकवाड़ का बड़ा बयानपोस्ट मैच प्रेजेंटेशन के दौरान जब ऋतुराज गायकवाड़ से MS Dhoni के भविष्य को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने कहा कि इसका जवाब अभी किसी के पास नहीं है। गायकवाड़ ने कहा कि अगले साल ही पता चलेगा कि धोनी खेलेंगे या नहीं।
उन्होंने माना कि इस पूरे सीजन टीम को धोनी की कमी साफ तौर पर महसूस हुई। गायकवाड़ के अनुसार, धोनी ऐसे खिलाड़ी हैं जो सिर्फ कुछ गेंदें खेलकर भी मैच का रुख बदल सकते हैं। खासकर आखिरी ओवरों में उनकी मौजूदगी टीम को अलग आत्मविश्वास देती है।
चेन्नई कप्तान ने यह भी कहा कि फिलहाल टीम भविष्य को लेकर ज्यादा सोचने के बजाय अपने मौजूदा खिलाड़ियों पर भरोसा कर रही है और उन्हें अपने स्क्वॉड पर पूरा विश्वास है।
प्लेऑफ की उम्मीदें टूटीं, समय पर लय नहीं पकड़ पाई CSKऋतुराज गायकवाड़ ने आखिरी मुकाबले में मिली हार के बाद स्वीकार किया कि टीम समय रहते लगातार जीत दर्ज नहीं कर पाई, जिसकी वजह से प्लेऑफ की उम्मीदें कमजोर पड़ गईं।
उन्होंने कहा कि चेन्नई की कोशिश थी कि नॉकआउट की दौड़ में बने रहने के लिए लगातार मैच जीते जाएं, लेकिन टीम कई अहम मौकों पर अच्छा प्रदर्शन नहीं कर सकी। यही कारण रहा कि सीजन का अंत निराशा के साथ हुआ।
चोटों ने बिगाड़ा टीम का संतुलनगायकवाड़ ने गुजरात टाइटंस के खिलाफ हार के लिए बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने माना कि शुरुआती ओवरों में टीम की गेंदबाजी उम्मीद के मुताबिक नहीं रही और गुजरात के ओपनर्स ने मैच पर पूरी पकड़ बना ली।
उन्होंने कहा कि विकेट शुरुआत में थोड़ा धीमा था, लेकिन गुजरात के बल्लेबाजों ने परिस्थितियों का शानदार फायदा उठाया। चेन्नई के गेंदबाज पावरप्ले में दबाव नहीं बना सके, जिसका नुकसान बाद में टीम को उठाना पड़ा।
गायकवाड़ के मुताबिक, एक समय ऐसा भी आया जब टीम मैच में वापसी कर सकती थी और गुजरात को 200 रन से कम पर रोका जा सकता था, लेकिन CSK उस मौके का फायदा नहीं उठा सकी।
लगातार चोटों से परेशान रही चेन्नईचेन्नई सुपर किंग्स के कप्तान ने माना कि पूरे सीजन टीम चोटों से जूझती रही, जिसने उनके अभियान को काफी प्रभावित किया। उन्होंने बताया कि लगातार तीन हार के बाद टीम ने कुछ लय पकड़ी थी और गेंदबाज सही क्षेत्रों में गेंद डाल रहे थे, लेकिन अहम खिलाड़ियों की चोट ने संतुलन बिगाड़ दिया।
गायकवाड़ ने खास तौर पर रामकृष्ण घोष और ओवरटन के बाहर होने का जिक्र किया और कहा कि इन खिलाड़ियों की गैरमौजूदगी ने टीम कॉम्बिनेशन को प्रभावित किया। पिछले कुछ मुकाबलों में CSK को या तो बल्लेबाजी में कमी महसूस हुई या गेंदबाजी में।
लगातार तीसरे सीजन प्लेऑफ से बाहर रही CSKChennai Super Kings के लिए यह लगातार तीसरा सीजन रहा जब टीम प्लेऑफ में जगह बनाने में नाकाम रही। पांच बार की चैंपियन टीम से फैंस को इस बार भी बड़ी उम्मीदें थीं, लेकिन खराब शुरुआत, अस्थिर प्रदर्शन और खिलाड़ियों की चोटों ने उनकी राह मुश्किल बना दी।
अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी होंगी कि क्या अगले सीजन में MS Dhoni फिर से पीली जर्सी में नजर आएंगे या नहीं।