मई में टॉप 15 से बाहर होने के बाद जयपुर एयरपोर्ट ने जुलाई में पाई 12वीं रैंक, गोवा से भी आगे

कोरोना के इस दौर में हवाई यात्रा बहुत प्रभावित हुई हैं। कई एयरपोर्ट तो सूने हो गए हैं। कोरोना के इस दौर में जयपुर एयरपोर्ट के हालात भी काफी बिगड़े थे जहां फ्लाइट संचालन और यात्रियों की संख्या में बहुत कमी आई थी जिसके चलते एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया की मई की रिपोर्ट में जयपुर टॉप 15 से बाहर हो गया था। मई में टॉप 15 एयरपोर्ट में शामिल नहीं रहे रांची, वाराणसी और श्रीनगर जैसे छोटे एयरपोर्ट जयपुर एयरपोर्ट से आगे निकल गए थे। लेकिन इस बार जुलाई की आई रिपोर्ट में कमाल करते हुए जयपुर ने 12वीं रैंक हासिल की हैं।
केवल यात्रीभार के लिहाज से ही नहीं, बल्कि फ्लाइट संचालन की संख्या के आंकड़ों में भी जयपुर एयरपोर्ट ने टॉप 15 में वापसी की है। मई माह के दौरान चंडीगढ़, वाराणसी और श्रीनगर जैसे छोटे एयरपोर्ट भी जयपुर से कहीं आगे थे। लखनऊ और पटना एयरपोर्ट भी जयपुर से आगे रहे थे। लेकिन अब जुलाई में जयपुर वाराणसी और गोवा से आगे रहा है। एयरपोर्ट प्रशासन के लिए यह आंकड़े थोड़े राहत देने वाले हैं। जुलाई के बाद इस माह अगस्त में अब तक 5 नई फ्लाइट शुरू हो चुकी हैं। ये फ्लाइट बैंगलुरु, हैदराबाद, गुवाहाटी और दिल्ली के लिए बढ़ी हैं। साथ ही 20 अगस्त से ग्वालियर के लिए भी नई हवाई सेवा शुरू हुई है। ऐसे में उम्मीद की जानी चाहिए कि अगस्त माह में जयपुर एयरपोर्ट अपनी रैंक में और सुधार करेगा।जुलाई में जयपुर से 140369 यात्रियों ने उड़ान भरी। लखनऊ ही नहीं, पटना एयरपोर्ट भी जयपुर से आगे है। जुलाई में लखनऊ से यात्रीभार 1.83 लाख और पटना से 1.98 लाख रहा। श्रीनगर और चंडीगढ़ जैसे छोटे एयरपोर्ट भी जयपुर से आगे हैं। चंडीगढ़ से यात्रीभार 1.51 लाख, श्रीनगर से 2.46 लाख रहा। गोवा एयरपोर्ट पर यात्रीभार 1.39 लाख रहा और गोवा टॉप-15 से भी बाहर हुआ। फ्लाइट के लिहाज से जयपुर 15वें स्थान पर रहा है।