साल 2001 में आई फिल्म ‘कभी खुशी कभी गम’ में शाहरुख खान और काजोल के बेटे का रोल निभाने वाले एक्टर जिबरान खान (31) को हाल ही में धोखाधड़ी का सामना करना पड़ा। यह फ्रॉड उनके मैनेजर ने किया। जानकारी के अनुसार जिबरान का कैफे बांद्रा में स्थित है, जहां अजय सिंह रावत नाम का व्यक्ति साल 2022 से मैनेजर के पद पर काम कर रहा था। रावत की जिम्मेदारी थी कि वह रोजाना की नकदी और ऑनलाइन प्राप्त होने वाली राशि बैंक में जमा करे और साथ ही कैफे के लिए खरीदे जाने वाले माल का भुगतान भी करे। अजय लगातार पैसे जमा करने में नाकाम रहे और धीरे-धीरे यह रकम 34.33 लाख रुपए तक पहुंच गई।
जब मैनेजर बार-बार पैसे जमा करने में असफल होने लगा, तो जिबरान को शक हुआ। इसके बाद जिब्रान ने अपने चार्टर्ड अकाउंटेंट से कैफे की ऑडिट करवाई। जांच में सामने आया कि 1 अप्रैल 2024 से 31 मार्च 2025 तक के खातों के अनुसार कैफे का कुल कारोबार लगभग 1.14 करोड़ रुपए रहा, लेकिन बैंक में केवल 79.67 लाख रुपए ही जमा किए गए थे। बाकी 34.33 लाख रुपए कथित तौर पर मैनेजर ने हड़प लिए। इसके बाद जिबरान ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई। फिलहाल मुंबई पुलिस उसे पकड़ने के लिए पूरा जोर लगा रही है। बता दें जिबरान के पिता एक्टर फिरोज खान और मां कश्मीरा हैं।
फिरोज को बीआर चोपड़ा के दूरदर्शन पर धूम मचाने वाले सीरियल ‘महाभारत’ में अर्जुन के रोल के लिए जाना जाता है। जिबरान ने 1999 में फिल्म ‘बड़े दिल वाला’ से एक्टिंग करिअर की शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने ‘क्योंकि…मैं झूठ नहीं बोलता’, ‘कभी खुशी कभी गम’ और ‘रिश्ते’ जैसी फिल्मों में बच्चे का रोल निभाया। जिबरान पिछले साल रिलीज हुई मूवी ‘इश्क विश्क रिबाउंड’ फिल्म में ‘साहिर’ के रोल में दिखाई दिए। उन्होंने रणबीर कपूर और आलिया भट्ट की फिल्म ‘ब्रह्मास्त्र’ में असिस्टेंट डायरेक्टर के रूप में योगदान दिया। उन्हें टीवी सीरियल ‘विष्णु पुराण’ में ‘ध्रुव’ के रूप में भी देखा गया। जिबरान इंस्टाग्राम पर काफी एक्टिव हैं और उनके 4 लाख से ज्यादा फॉलोअर्स हैं।
150 करोड़ के बिटकॉइन के मालिकाना हक मामले में ED ने राज कुंद्रा पर कसा शिकंजाप्रवर्तन निदेशालय (ED) ने एक्ट्रेस शिल्पा शेट्टी के पति बिजनेसमैन राज कुंद्रा के खिलाफ 150 करोड़ के बिटकॉइन के मालिकाना हक मामले में शुक्रवार (26 सितंबर) को चार्जशीट दायर की है। ED का दावा है कि कुंद्रा सिर्फ एक बिचौलिये की भूमिका में नहीं थे, बल्कि वो खुद 285 बिटकॉइन के एक्चुअल लाभार्थी हैं, जिसकी मौजूदा कीमत 150 करोड़ रुपए है। PMLA कोर्ट में दायर आरोपपत्र में कहा गया है कि कुंद्रा को बिटकॉइन, जिनकी वर्तमान कीमत 150.47 करोड़ रुपए है, क्रिप्टो घोटाले के दिवंगत मास्टरमाइंड अमित भारद्वाज से मिले थे। ED के अनुसार कुंद्रा लेन-देन की महत्वपूर्ण डिटेल बताने में विफल रहे हैं।
आरोपपत्र में कहा गया है कि कुंद्रा ने जानबूझकर बिटकॉइन वॉलेट के एड्रेस सहित महत्वपूर्ण सबूत छुपाए और भारद्वाज से मिले बिटकॉइन भी नहीं लौटाए। साल 2018 से कई मौकों के बावजूद कुंद्रा लगातार उन वॉलेट के एड्रेस नहीं दे पाए हैं जहां 285 बिटकॉइन ट्रांसफर किए गए थे। कुंद्रा ने कथित तौर पर जांचकर्ताओं को बताया कि उनके शुरुआती बयान के तुरंत बाद वॉलेट डिटेल वाला उनका iPhone X खराब हो गया था। मामला महाराष्ट्र पुलिस और दिल्ली पुलिस द्वारा वेरिएबल टेक प्राइवेट, अमित भारद्वाज और अन्य सहयोगियों के खिलाफ दर्ज की गई FIR से सामने आया।
भारद्वाज ने कथित तौर पर क्रिप्टो माइनिंग के जरिए निवेशकों को ऊंचे रिटर्न का लालच दिया, लेकिन इसके बजाय उन्हें 'धोखा' दिया और 'गलत तरीके से कमाए गए बिटकॉइन को अज्ञात ऑनलाइन वॉलेट में छिपा दिया गया था। ED का आरोप है कि भारद्वाज से कुंद्रा को 285 बिटकॉइन मिले थे। कुंद्रा ने लगातार जांच को गुमराह करने की कोशिश की।