
लॉकडाउन लगने के बाद भी प्रदेश में जिस स्तर से सड़क हादसों में कमी आनी थी, उस हिसाब से नहीं आई है। 11 माह में प्रदेश में 17 हजार 202 सड़क हादसों में 8 हजार 239 लोगों की मौत हुई है, जबकि 15 हजार 125 लोग घायल हुए हैं। वहीं वर्ष 2019 में 21 हजार 812 सड़क हादसों में 9 हजार 705 लोगों की मौत हुई है, जबकि 21 हजार 487 लोग घायल हुए हैं। वर्ष 2019 की तुलना में 2020 नवम्बर तक 1 हजार 466 लोगों की मौत कम हुई तो 4 हजार 610 सड़क हादसे कम हुए हैं।
शहर में 11 माह में 548 की मौत
राजधानी में विभिन्न सड़क हादसों में 2020 में 11 महीने में 548 लोगों की जान गई है, गत साल 658 लोगों की जान गई थी। इस बार 110 मौतें कम हुई है। सड़क हादसे भी गत साल की अपेक्षा 1082 कम हुए हैं। गत साल 2839 तो इस साल 1757 हुए हैं।
33 जिलों में 4 जिलो में घटने की अपेक्ष मौतें बढ़ी
प्रदेश के 33 जिलों में से 4 जिलों में सड़क हादसों में मौतों की संख्या घटने की अपेक्षा तेजी से बढ़ी है। वहीं 29 जिलों में मौतों की संख्या में कमी हुई है। सबसे अधिक मौतों में वृद्धि अलवर जिले के भिवाड़ी में हुई है।
भिवाड़ी में गत साल 147 सड़क हादसों में 70 लोगों की मौत हुई थी, जबकि 2020 में 563 हादसों में 252 लोगों की जान गई है। वहीं करौली में गत साल 250 सड़क हादसों में 103 की तो इस बार 11 महीने में 219 सड़क हादसों में 111 लोगों की, बूंदी में 458 हादसों में 141 तो 398 हादसों में 164 लोगों की तो झालावाड़ में गत साल 474 हादसों में 128 इस बार 155 लोगों की मौत हुई है।














