अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और वेनेजुएला की प्रमुख विपक्षी नेता मारिया कोरीना मचाडो के बीच गुरुवार को व्हाइट हाउस में अहम मुलाकात हुई। इस बैठक ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी। खास बात यह रही कि मचाडो ने इस दौरान ट्रंप को अपना नोबेल शांति पुरस्कार का मेडल भेंट किया। हालांकि, व्हाइट हाउस ने इस मुलाकात की पुष्टि तो की, लेकिन यह भी साफ कर दिया कि इसे राष्ट्रपति ट्रंप की नीति या रुख में किसी बड़े बदलाव के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए।
व्हाइट हाउस का आधिकारिक बयानव्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने बैठक के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए मचाडो की तारीफ की। उन्होंने उन्हें वेनेजुएला के नागरिकों के लिए एक “निडर और सशक्त आवाज” बताया। लेविट के मुताबिक, राष्ट्रपति ट्रंप इस बातचीत से संतुष्ट नजर आए। हालांकि, जब उनसे यह सवाल किया गया कि क्या ट्रंप अब मचाडो को वेनेजुएला का वैध नेता मानते हैं, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि राष्ट्रपति की सोच में कोई बदलाव नहीं आया है। लेविट ने कहा कि ट्रंप का मानना है कि मौजूदा हालात में मचाडो के पास देश के भीतर व्यापक समर्थन नहीं है।
वेनेजुएला में चुनावों को लेकर ट्रंप की सोचप्रेस सचिव ने यह भी बताया कि राष्ट्रपति ट्रंप भविष्य में वेनेजुएला में निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव होते देखना चाहते हैं। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि ऐसे चुनाव कब कराए जा सकते हैं। वहीं, बैठक के बाद मचाडो ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि उन्होंने ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार का मेडल सौंपा है। मचाडो के अनुसार, यह कदम “वेनेजुएला की आज़ादी के लिए ट्रंप के विशेष समर्थन की सराहना” के तौर पर उठाया गया।
समर्थकों के बीच मचाडो का संदेशव्हाइट हाउस से बाहर निकलने के बाद मचाडो ने वहां मौजूद अपने समर्थकों से भी मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने कहा, “हम राष्ट्रपति ट्रंप पर भरोसा कर सकते हैं।” उनके इस बयान के बाद समर्थकों ने जोरदार तरीके से “थैंक यू ट्रंप” के नारे लगाए और माहौल पूरी तरह उत्साह से भर गया।
मादुरो की गिरफ्तारी के बाद बदले हालातयह बैठक ऐसे वक्त पर हुई है जब हाल ही में वेनेजुएला की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम देखने को मिला। करीब दो हफ्ते पहले अमेरिकी सेना ने वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को कराकास से गिरफ्तार कर न्यूयॉर्क ले जाया था। दोनों पर ड्रग तस्करी से जुड़े गंभीर आरोप लगाए गए हैं। मचाडो के नेतृत्व वाले गठबंधन का दावा है कि उन्होंने 2024 का राष्ट्रपति चुनाव जीता था, लेकिन मादुरो ने चुनाव परिणामों को स्वीकार करने से इनकार कर दिया था।
ट्रंप के रुख में विरोधाभासहालांकि ट्रंप ने मचाडो से मुलाकात की, लेकिन इससे पहले वह सार्वजनिक तौर पर उनकी नेतृत्व क्षमता पर सवाल उठा चुके हैं। इतना ही नहीं, ट्रंप ने संकेत दिए हैं कि वह मौजूदा कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रीगेज के साथ भी काम करने के लिए तैयार हैं। रोड्रीगेज पहले वेनेजुएला की उपराष्ट्रपति रह चुकी हैं और फिलहाल सरकार के दैनिक प्रशासन की जिम्मेदारी संभाल रही हैं।
अमेरिका और वेनेजुएला के रिश्तों की मौजूदा स्थितिइस बीच अमेरिका ने वेनेजुएला के तेल सेक्टर पर दबाव और बढ़ा दिया है। हाल ही में एक प्रतिबंधों के तहत चल रहे तेल टैंकर को जब्त किया गया। अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि डेल्सी रोड्रीगेज की अंतरिम सरकार अमेरिका के साथ सहयोग का रुख अपना रही है। इसी सहयोग के तहत इस सप्ताह पांच अमेरिकी नागरिकों को रिहा किया गया।
ट्रंप और रोड्रीगेज के बीच बातचीतराष्ट्रपति ट्रंप ने बुधवार को खुलासा किया कि उनकी डेल्सी रोड्रीगेज से लंबी और विस्तृत बातचीत हुई है। ट्रंप ने कहा, “हमने कई अहम मुद्दों पर चर्चा की और मुझे लगता है कि अमेरिका और वेनेजुएला के संबंध सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।” इस बयान के बाद दोनों देशों के रिश्तों को लेकर नई अटकलें तेज हो गई हैं।