ट्रंप का बड़ा ऐलान: टैरिफ की जगह अब नया 'बम', खुलकर बताई अपनी रणनीति

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में कांग्रेस के संयुक्त सत्र में अपना स्टेट ऑफ द यूनियन संबोधन पेश किया। इस दौरान उन्होंने अपनी आर्थिक नीतियों का डटकर बचाव किया और कहा कि आने वाले समय में आयात शुल्क यानी टैरिफ्स, आधुनिक इनकम टैक्स सिस्टम की जगह ले सकते हैं। उनका दावा है कि इससे अमेरिकी नागरिकों पर वित्तीय बोझ कम होगा और देश की अर्थव्यवस्था और मजबूत बनेगी।

‘हमें लूटने वाले देश अब अरबों डॉलर दे रहे हैं’: ट्रंप का दावा

ट्रंप ने अपने संबोधन में कहा, “मुझे विश्वास है कि जल्द ही विदेशों से मिलने वाले टैरिफ्स एडवांस्ड इनकम टैक्स सिस्टम का विकल्प बन जाएंगे। इससे आम लोगों पर वित्तीय दबाव घटेगा। हमने टैरिफ के जरिए सैकड़ों अरब डॉलर कमाए हैं, जिससे अमेरिका ने बेहतरीन डील की है।”

उन्होंने आगे कहा, “जो देश दशकों से हमें आर्थिक रूप से नुकसान पहुंचा रहे थे, अब वे अरबों डॉलर देकर हमारी अर्थव्यवस्था में योगदान दे रहे हैं। महंगाई घट रही है और ग्रोथ में तेजी आई है।” ट्रंप ने टैरिफ को अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि बताया।
सुप्रीम कोर्ट के फैसले से निराशा

हालांकि, चार दिन पहले अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने 6-3 के फैसले में ट्रंप के टैरिफ को रद्द कर दिया था। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि इंटरनेशनल इमरजेंसी इकोनॉमिक पावर्स एक्ट (IEEPA) के तहत राष्ट्रपति को टैरिफ लगाने का अधिकार नहीं है। ट्रंप ने इसे ‘बेहद दुखद’ फैसला करार दिया और कहा कि लगभग सभी देश और कंपनियां पहले वाली डील बनाए रखना चाहती हैं क्योंकि उन्हें पता है कि राष्ट्रपति के पास नए डील बनाने की कानूनी ताकत है।

टैरिफ से युद्ध खत्म और शांति कायम

ट्रंप ने अपने संबोधन में यह भी जोर दिया कि उन्हें कांग्रेस की अनुमति की आवश्यकता नहीं होगी। उन्होंने कहा कि ‘फुली अप्रूव्ड और टेस्टेड अल्टरनेटिव लीगल स्टैच्यूट्स’ के तहत टैरिफ जारी रखेंगे। उनका कहना था कि टैरिफ के कारण कई अंतरराष्ट्रीय संघर्ष समाप्त हुए और शांति बनी रही।

सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि टैक्स लगाने का अधिकार केवल कांग्रेस को है, न कि राष्ट्रपति को इमरजेंसी पावर के तहत। यह फैसला ट्रंप की इकोनॉमिक एजेंडे के लिए बड़ा झटका था, जिसमें ‘लिबरेशन डे’ टैरिफ और ड्रग ट्रैफिकिंग/ट्रेड डेफिसिट पर आधारित ड्यूटी शामिल थी। बावजूद इसके, ट्रंप ने नए 10% ग्लोबल टैरिफ और अन्य जांच शुरू करने की बात कही।