उत्तर प्रदेश के संत कबीर नगर जिले में शादी समारोह के दौरान हुए एक पुराने विवाद ने भयावह रूप ले लिया। मामूली कहासुनी और थप्पड़ की घटना का बदला लेने के लिए एक युवक की निर्मम हत्या कर दी गई। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी नासिर सहित तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। जांच में सामने आया है कि हत्या को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया था। गिरफ्तारी के बाद तीनों आरोपियों का मेडिकल परीक्षण कराया गया और फिर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
यह सनसनीखेज वारदात बखिरा थाना क्षेत्र के कोलकी चमरसन गांव की है। गांव निवासी 30 वर्षीय आनंद गौतम गुरुवार शाम करीब सात बजे अपने चचेरे भाई रोहित के साथ बाइक से घरेलू सामान खरीदने के लिए बभनी चौराहे गए थे। बताया जा रहा है कि इसी दौरान पहले से घात लगाए बैठे कुछ लोगों ने उन्हें रास्ते में रोक लिया।
पुलिस के अनुसार, कुसम्हा माफी गांव निवासी नासिर अपने साथियों निरहू, जैगम और एक अन्य अज्ञात व्यक्ति के साथ वहां पहुंचा और पुरानी रंजिश के चलते आनंद को घेर लिया। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने उस पर जानलेवा हमला कर दिया।
मुर्गी काटने वाले चाकू से किया गया हमलाजांच में सामने आया है कि आरोपी जैगम अपने साथ मुर्गी काटने वाला धारदार चाकू लेकर आया था। आरोप है कि उसने वह चाकू नासिर को सौंप दिया, जबकि अन्य आरोपियों ने आनंद को पकड़ लिया। इसके बाद नासिर ने चाकू से उसका गला रेत दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस दिल दहला देने वाली घटना से पूरे इलाके में दहशत फैल गई।
पुलिस का कहना है कि हत्या से पहले भी आरोपी नासिर लगातार धमकियां दे रहा था। बताया जा रहा है कि घटना से दो दिन पहले उसने रोहित के सामने ही आनंद को जान से मारने की धमकी दी थी। हालांकि उस समय किसी ने अंदाजा नहीं लगाया था कि वह अपनी धमकी को इतनी क्रूरता से अंजाम देगा।
शादी में हुए विवाद ने ली जानप्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि कुछ दिन पहले एक शादी समारोह के दौरान नासिर और आनंद के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। विवाद इतना बढ़ गया था कि आनंद ने कथित तौर पर नासिर को थप्पड़ मार दिया था। इसी घटना के बाद से नासिर के मन में बदले की भावना पैदा हो गई थी और वह लगातार अवसर की तलाश में था।
परिजनों का आरोप है कि घटना से पहले आरोपी ने आनंद के पिता इंद्रेश और उसके भाई रोहित को जातिसूचक शब्द कहकर अपमानित भी किया था। इतना ही नहीं, उसने थाने में शिकायत करने पर गंभीर परिणाम भुगतने और हत्या कर देने तक की धमकी दी थी।
पीड़ित पक्ष की शिकायत के आधार पर पुलिस ने शुक्रवार को नासिर, निरहू, जैगम और एक अज्ञात आरोपी के खिलाफ हत्या, एससी-एसटी एक्ट तथा अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। घटना के बाद गांव और आसपास के इलाकों में भारी आक्रोश देखने को मिला। आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर बड़ी संख्या में ग्रामीण सड़कों पर उतर आए थे और प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे थे।
आरोपियों की तलाश में लगी थीं पुलिस की 10 टीमेंमामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष अभियान चलाया। इसके तहत कुल दस पुलिस टीमों का गठन किया गया, जिन्हें अलग-अलग क्षेत्रों में तलाश और दबिश की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही थीं।
संत कबीर नगर के पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने बताया कि शनिवार को मिली गोपनीय सूचना के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी नासिर को कुसम्हा माफी गांव के निकट से गिरफ्तार कर लिया। इसके अलावा निरहू उर्फ साकिर अली और जैगम उर्फ अजमल हुसैन को बढ़या क्षेत्र स्थित महुआ बाग के पास से हिरासत में लिया गया।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ जारी है और फरार चौथे आरोपी की तलाश भी तेज कर दी गई है। जांच एजेंसियां हत्या की पूरी साजिश, आरोपियों की भूमिका और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की गहराई से पड़ताल कर रही हैं ताकि पूरे मामले का खुलासा किया जा सके और दोषियों को कड़ी सजा दिलाई जा सके।