तमिलनाडु की राजनीति इस समय एक बड़े बदलाव के दौर से गुजर रही है, जहां लंबे समय बाद राज्य में गठबंधन सरकार बनने की संभावना मजबूत हो गई है। विधानसभा चुनाव के नतीजों में किसी भी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिलने के बाद सत्ता की तस्वीर पूरी तरह बदलती नजर आ रही है। अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी तमिलगा वेट्री कजगम (TVK) सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरकर सामने आई है, लेकिन 234 सदस्यीय विधानसभा में बहुमत के लिए जरूरी 118 सीटों के आंकड़े से पीछे रहने के कारण अब गठबंधन सरकार की दिशा में कदम बढ़ाए जा रहे हैं।
TVK मुख्यालय में राजनीतिक हलचल तेज, गठबंधन की रूपरेखा लगभग तयमंगलवार को टीवीके मुख्यालय में नवनिर्वाचित विधायकों की अहम बैठक के बाद राजनीतिक समीकरण और साफ होते दिखाई दिए। सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस (5 सीटें), वीसीके (2), सीपीआई (2) और सीपीआई(एम) (2) के कुल 11 विधायकों का समर्थन TVK को बहुमत के करीब पहुंचा सकता है। बताया जा रहा है कि इन दलों के साथ लगातार अनौपचारिक बातचीत जारी है और सभी सहयोगी दल गठबंधन सरकार के गठन को लेकर सकारात्मक रुख दिखा रहे हैं।
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, वीसीके प्रमुख थोल थिरुमावलवन ने कहा है कि राज्य में जनता गठबंधन सरकार के पक्ष में है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि वाम दलों के साथ मिलकर एक धर्मनिरपेक्ष मोर्चा मजबूत किया जाएगा। वहीं TVK के अंदरूनी सूत्रों का कहना है कि विजय पहले से ही साझा सरकार की अवधारणा के पक्षधर रहे हैं और उन्होंने चुनाव प्रचार के दौरान भी सहयोगी व्यवस्था को लेकर संकेत दिए थे।
मंत्रिमंडल में सीट बंटवारे का संभावित गणितप्रस्तावित गठबंधन ढांचे के अनुसार मंत्रिमंडल में सीटों के बंटवारे को लेकर भी शुरुआती खाका तैयार किया गया है। जानकारी के अनुसार कांग्रेस को दो मंत्री पद मिल सकते हैं, जबकि वीसीके और वाम दलों को एक-एक मंत्रालय दिए जाने की संभावना है। कुल मिलाकर TVK अपने सहयोगी दलों को 4 से 6 मंत्री पद देने की योजना पर विचार कर रही है, ताकि प्रशासनिक संतुलन और अनुभव दोनों को साधा जा सके।
गौरतलब है कि TVK के अधिकतर विधायक पहली बार विधानसभा पहुंचे हैं, ऐसे में प्रशासनिक अनुभव की कमी को देखते हुए अनुभवी चेहरों को सरकार में शामिल करने की रणनीति बनाई जा रही है। इसी क्रम में पूर्व आईएएस अधिकारी यू सगायम को सरकार में अहम भूमिका देने पर भी विचार चल रहा है। चर्चा है कि उन्हें विधानसभा में लाने के लिए विजय की ओर से जीती गई तिरुचि पूर्व सीट पर उपचुनाव कराया जा सकता है।
मुख्यमंत्री चयन और सरकार गठन की प्रक्रिया तेजसूत्रों के अनुसार, आज TVK विधायकों की बैठक में विजय को विधायक दल का नेता चुना जाएगा। इसके बाद राज्यपाल उन्हें सरकार बनाने का औपचारिक आमंत्रण दे सकते हैं। पार्टी की रणनीति के अनुसार विजय सदन में बहुमत साबित करने के लिए लगभग एक सप्ताह का समय मांग सकते हैं और इसी अवधि में नई सरकार के गठन की प्रक्रिया पूरी हो सकती है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह गठबंधन तमिलनाडु की राजनीति में एक नया अध्याय जोड़ सकता है। राज्य में अब तक सत्ता अधिकतर एकल पार्टी के हाथों में रही है, लेकिन इस बार का जनादेश साझा सत्ता की ओर संकेत कर रहा है, जो आने वाले समय में राजनीतिक समीकरणों को पूरी तरह बदल सकता है।