मुंबई में ड्रग नेटवर्क पर पुलिस का कड़ा प्रहार, चार साल में 6,738 करोड़ से ज्यादा की मादक सामग्री जब्त

देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ कानून व्यवस्था एजेंसियों ने व्यापक और संगठित अभियान छेड़ रखा है। मुंबई पुलिस ने वर्ष 2022 से 2026 के बीच मादक पदार्थों की तस्करी पर शिकंजा कसते हुए बड़ी मात्रा में ड्रग्स जब्त की है। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, इस अवधि में शहर के विभिन्न हिस्सों से 10,866 किलोग्राम प्रतिबंधित पदार्थ बरामद किए गए, जिनकी अनुमानित बाजार कीमत 6,738 करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई है।

हजारों केस दर्ज, सैकड़ों गिरोहों पर चोट

इन चार वर्षों के दौरान पुलिस ने 4,560 आपराधिक मामले दर्ज किए और 5,589 आरोपियों को गिरफ्तार किया। अधिकारियों का कहना है कि लगातार और योजनाबद्ध कार्रवाई से ड्रग तस्करी से जुड़े कई संगठित गिरोहों की कमर टूट गई है। कई बड़े नेटवर्क या तो ध्वस्त हो चुके हैं या फिर गंभीर रूप से कमजोर पड़ गए हैं।

तकनीक बनी सबसे बड़ी ताकत


जांच एजेंसियों के अनुसार, मेफेड्रोन (एमडी) की तस्करी के मामले सबसे अधिक सामने आए। तस्कर पकड़े जाने से बचने के लिए कोडवर्ड और एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग का सहारा लेते थे। हालांकि, पुलिस ने डिजिटल सर्विलांस, कॉल डाटा विश्लेषण और तकनीकी ट्रैकिंग की मदद से इन गुप्त संकेतों को डिकोड कर लिया। इसके बाद पूरे सप्लाई चेन का खुलासा हुआ और एक-एक कर नेटवर्क से जुड़े लोगों को गिरफ्तार किया गया।
अलग-अलग इलाकों में समन्वित छापेमारी

पुलिस ने शहर के उपनगरों से लेकर भीड़भाड़ वाले इलाकों तक समन्वित छापेमारी अभियान चलाए। खुफिया सूचनाओं के आधार पर की गई इन कार्रवाइयों में बड़ी खेप पकड़ी गई। बरामद मादक पदार्थों में कोकीन, गांजा, हेरोइन, चरस और कोडीन युक्त कफ सिरप शामिल हैं।

सिर्फ तस्करों ही नहीं, उपभोक्ताओं पर भी कार्रवाई

मुंबई पुलिस ने स्पष्ट किया है कि उसका अभियान केवल सप्लायर और तस्करों तक सीमित नहीं है। नशीले पदार्थों का सेवन करने वालों के खिलाफ भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की गई है। अधिकारियों का मानना है कि मांग और आपूर्ति—दोनों पर एक साथ नियंत्रण ही इस समस्या से निपटने का प्रभावी तरीका है।

ड्रग माफिया को आर्थिक झटका


लगातार हो रही जब्ती और गिरफ्तारियों से अवैध कारोबार करने वाले गिरोहों को बड़ा आर्थिक नुकसान हुआ है। पुलिस का दावा है कि जब्त की गई 6,738 करोड़ रुपये से अधिक की ड्रग्स ने तस्करों के नेटवर्क को गहरा झटका दिया है।