हनीमून मर्डर केस में सोनम रघुवंशी को राहत, 10 महीने बाद मिली जमानत

इंदौर के चर्चित हनीमून मर्डर केस में मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को अदालत से बड़ी राहत मिल गई है। करीब 10 महीने जेल में बिताने के बाद अब वह जमानत पर बाहर आएंगी। पुलिस सूत्रों के अनुसार कोर्ट ने जमानत मंजूर कर दी है, हालांकि अभी विस्तृत आदेश जारी होना बाकी है। यह मामला देशभर में सुर्खियों में रहा था और इसकी हर अपडेट पर लोगों की नजर बनी हुई थी।

जानकारी के मुताबिक, इंदौर निवासी राजा रघुवंशी अपनी पत्नी सोनम के साथ 21 मई को हनीमून मनाने के लिए शिलांग पहुंचे थे। इसके बाद 26 मई को दोनों सोहरा घूमने निकले, लेकिन उसी दिन अचानक लापता हो गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस के साथ-साथ एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय टीमों ने बड़े स्तर पर तलाशी अभियान शुरू किया। कई दिनों की खोजबीन के बाद 2 जून को राजा का शव सोहरा के प्रसिद्ध वेई सादोंग फॉल्स के पास एक गहरी खाई में बरामद हुआ, जिससे पूरे मामले ने सनसनीखेज मोड़ ले लिया।

पांच लोगों पर हत्या का आरोप

इस हाई-प्रोफाइल मामले में कुल पांच लोगों को आरोपी बनाया गया है। इनमें मृतक की पत्नी सोनम रघुवंशी के अलावा राज कुशवाहा और तीन कथित हमलावर—विशाल चौहान, आकाश राजपूत और आनंद कुर्मी शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि ये सभी आरोपी मध्य प्रदेश से मेघालय पहुंचे थे और सुनियोजित तरीके से इस वारदात को अंजाम दिया गया। हालांकि सभी आरोपियों ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया है।
बड़े स्तर पर चला सर्च ऑपरेशन

दंपति के लापता होने की सूचना मिलते ही सोहरा पुलिस, विशेष अभियान दल (SOT), एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पर्वतारोहियों और स्थानीय लोगों की मदद से व्यापक तलाशी अभियान चलाया गया। कई दिनों तक चले इस अभियान के बाद राजा रघुवंशी का शव बरामद हुआ, जिसने पूरे मामले की दिशा बदल दी। इसके बाद भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत मामला दर्ज कर जांच को तेज किया गया।

साजिश का खुलासा और गिरफ्तारियां

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि सोनम का राज कुशवाहा के साथ कथित संबंध था। इसी के चलते दोनों ने मिलकर हत्या की साजिश रची और तीन हमलावरों को सुपारी देकर बुलाया। पुलिस के अनुसार, वारदात को अंजाम देने के दौरान सोनम मौके पर मौजूद थी और आरोपियों ने राजा को खाई में धक्का देकर मार डाला। इस खुलासे के बाद पुलिस ने एक हफ्ते के भीतर सभी पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

कोर्ट में दाखिल हुआ विस्तृत आरोप-पत्र


मामले की गहन जांच के बाद पुलिस ने 5 सितंबर को सोहरा उप-मंडल के प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में करीब 790 पन्नों का चार्जशीट दाखिल किया था। इस केस की गंभीरता और जटिलता को देखते हुए इसे देश के चर्चित आपराधिक मामलों में गिना जा रहा है। अब सोनम को मिली जमानत के बाद यह मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है और आगे की कानूनी प्रक्रिया पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।