झारखंड में सरकारी भर्ती परीक्षाओं को लेकर राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। JPSC और JSSC से जुड़ी परीक्षाओं में अनियमितता को लेकर चल रही CID और SIT जांच के बीच कुल 45 परीक्षाओं पर कार्रवाई की गई है। 18 अगस्त को जारी अधिसूचनाओं के अनुसार 39 परीक्षाएं रद्द कर दी गई हैं, जबकि 6 अन्य परीक्षाओं को अगले आदेश तक स्थगित रखा गया है। खास बात यह है कि कार्रवाई के दायरे में केवल हाल के भर्ती विज्ञापन नहीं हैं, बल्कि कई वर्षों पुरानी परीक्षाएं भी शामिल हैं।
इन 39 परीक्षाओं को किया गया रद्दरद्द की गई परीक्षाओं में अलग-अलग विभागों और पदों से जुड़ी भर्तियां शामिल हैं। इनमें विश्वविद्यालयों में गैर-शैक्षणिक पदों की भर्ती (विज्ञापन 09/2025), सहायक निदेशक/वरिष्ठ वैज्ञानिक के बैकलॉग और नियमित पदों की भर्ती (विज्ञापन 10/2025 और 11/2025) तथा ड्रग इंस्पेक्टर भर्ती (विज्ञापन 12/2025) शामिल हैं।
सरकारी इंजीनियरिंग कॉलेजों में सहायक प्रोफेसर की बैकलॉग भर्ती (विज्ञापन 02/2026) और सरकारी पॉलिटेक्निक तथा महिला पॉलिटेक्निक में लेक्चरर के बैकलॉग एवं नियमित पदों की भर्ती (विज्ञापन 03/2026 और 04/2026) भी रद्द की गई हैं। मेडिकल कॉलेजों में सहायक प्रोफेसर (सुपर स्पेशलिस्ट) के पदों की भर्ती (विज्ञापन 07/2026) भी इस सूची में है।
इसके अलावा सिविल जज (जूनियर डिवीजन) की भर्ती (विज्ञापन 22/2023), सहायक वन संरक्षक (विज्ञापन 03/2024), फॉरेस्ट रेंज ऑफिसर (विज्ञापन 04/2024) तथा सहायक लोक अभियोजक की बैकलॉग और नियमित भर्तियां (विज्ञापन 05/2025 और 06/2025) भी रद्द कर दी गई हैं।
संयुक्त सिविल सेवा की कई परीक्षाएं भी सूची मेंझारखंड संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा-2025 (विज्ञापन 01/2026), इसकी बैकलॉग परीक्षा (विज्ञापन 05/2026) और संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा-2023 की बैकलॉग भर्ती (विज्ञापन 06/2026) को भी रद्द किया गया है।
फूड सेफ्टी ऑफिसर (विज्ञापन 18/2023), चाइल्ड डेवलपमेंट प्रोजेक्ट ऑफिसर (विज्ञापन 21/2023) और संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा-2023 (विज्ञापन 01/2024) भी कार्रवाई के दायरे में हैं।
पुरानी भर्तियों में 5वीं संयुक्त सिविल सेवा भर्ती (विज्ञापन 06/2013), सिविल जज (जूनियर डिवीजन) की नियमित एवं विशेष भर्ती (विज्ञापन 10/2015 और 11/2015), मृदा संरक्षण पदाधिकारी (विज्ञापन 12/2015) तथा सहायक निदेशक कृषि/अनुमंडल कृषि पदाधिकारी की नियमित और बैकलॉग भर्तियां (विज्ञापन 03/2015 और 04/2015) शामिल हैं।
2016 से 2022 तक की भर्तियां भी रद्दसरकार की सूची में फूड सेफ्टी ऑफिसर भर्ती (विज्ञापन 01/2016), डेंटिस्ट (बेसिक कैडर) भर्ती (विज्ञापन 02/2016), संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा की बैकलॉग भर्ती (विज्ञापन 27/2017) और कॉमर्शियल टैक्सेस (लिमिटेड) परीक्षा (विज्ञापन 10/2010) भी शामिल हैं।
संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा-2016 (विज्ञापन 23/2016), जियोलॉजिस्ट एवं केमिस्ट भर्ती (विज्ञापन 01/2017 और 02/2017), सहायक लोक अभियोजक (विज्ञापन 03/2018), सिविल जज (जूनियर डिवीजन) नियमित भर्ती (विज्ञापन 12/2018) और संयुक्त सहायक अभियंता भर्ती (विज्ञापन 05/2019) को भी रद्द कर दिया गया है।
इसके साथ संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा-2021 (विज्ञापन 01/2021), डेंटल डॉक्टर भर्ती (विज्ञापन 01/2022), 6वीं सीमित उप समाहर्ता परीक्षा (विज्ञापन 11/2018), झारखंड पात्रता परीक्षा यानी JET 2024 (विज्ञापन 08/2025) और CGL परीक्षा (विज्ञापन 10/2023) भी रद्द की गई हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार CGL परीक्षा को SIT और CID जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर रद्द किया गया है।
6 परीक्षाओं पर फिलहाल रोकसरकार ने छह परीक्षाओं को रद्द करने के बजाय अगले आदेश तक स्थगित किया है। इनमें फूड एनालिस्ट (विज्ञापन 05/2024), डिप्टी डायरेक्टर, प्रॉसिक्यूशन (विज्ञापन 03/2025) और प्रोजेक्ट मैनेजर एवं समकक्ष (विज्ञापन 04/2025) शामिल हैं।
इंस्पेक्टर ऑफ फैक्ट्रीज (विज्ञापन 01/2025), बॉयलर इंस्पेक्टर (विज्ञापन 02/2025) और डायरेक्टर (विज्ञापन 07/2025) की परीक्षाएं भी अगले आदेश तक स्थगित रहेंगी।
परीक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए भी कदमपरीक्षाओं से जुड़े मामलों की जांच के साथ सरकार ने व्यवस्था में सुधार के लिए भी कई फैसले लिए हैं। JPSC और JSSC में अनियमितता तथा कदाचार से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित करने का अनुरोध हाईकोर्ट से करने का फैसला लिया गया है।
दोनों आयोगों में आंतरिक निगरानी प्रकोष्ठ बनाए जाने की योजना भी है। इसके अलावा परीक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए एक कमेटी गठित की जाएगी। इस कमेटी को अपनी रिपोर्ट सरकार के सामने दो महीने के भीतर प्रस्तुत करनी होगी।
इस फैसले के तहत एक तरफ जांच के दायरे में आई 39 परीक्षाओं को रद्द किया गया है और छह परीक्षाओं को फिलहाल रोका गया है, वहीं परीक्षा प्रक्रिया की निगरानी तथा भविष्य में सुधार के लिए अलग संस्थागत व्यवस्था तैयार करने की बात भी सामने आई है।