सत्य निकेतन हादसे में पांचवीं गिरफ्तारी, जर्जर इमारत में PG चलाने वाला सुधांशु पुलिस की गिरफ्त में

दक्षिण दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में इमारत ढहने के मामले में पुलिस ने पांचवीं गिरफ्तारी की है। रविवार को हुए इस हादसे में इस्तेमाल की जा रही इमारत को PG के तौर पर संचालित करने वाले सुधांशु को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अब उससे यह जानने की कोशिश कर रही है कि उसने इमारत को किन शर्तों पर लीज पर लिया था और खराब हालत वाली इस बिल्डिंग में PG संचालन कैसे किया जा रहा था।

हादसे के बाद यह गिरफ्तारी मामले में अब तक की पांचवीं कार्रवाई है। इससे पहले इमारत की मालकिन उर्मिला गुप्ता, उनके पति हरिराम गुप्ता, उनके बेटे महेश गुप्ता और बेसमेंट में मरम्मत का काम करा रहे ठेकेदार सोनाज को गिरफ्तार किया जा चुका है।

मलबे में दबे 12 लोगों में 7 की मौत


सत्य निकेतन में रविवार दोपहर एक इमारत अचानक ढह गई थी। हादसे के वक्त इस भवन का इस्तेमाल छात्रों के लिए पेइंग गेस्ट यानी PG के रूप में किया जा रहा था। बचाव अभियान के दौरान मलबे से कुल 12 लोगों को बाहर निकाला गया था।

इनमें से 7 लोगों की मौत हो गई, जबकि पांच अन्य घायल हुए। हादसे के बाद पुलिस ने मामले की जांच तेज करते हुए इमारत से जुड़े लोगों की भूमिका की पड़ताल शुरू की।

लीज पर लेकर PG चला रहा था सुधांशु

पुलिस के मुताबिक, सुधांशु ने यह इमारत हरिराम गुप्ता से लीज पर ली थी और उसमें PG संचालित कर रहा था। बुधवार को एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने उसकी गिरफ्तारी की जानकारी दी। फिलहाल पुलिस उससे पूछताछ कर रही है।

जांच में खास तौर पर यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इमारत की स्थिति को देखते हुए उसे किन शर्तों के आधार पर लीज पर लिया गया था। साथ ही PG संचालन से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।

पहले चार लोगों की हो चुकी है गिरफ्तारी

PG संचालक सुधांशु से पहले पुलिस ने इमारत की मालकिन 75 वर्षीय उर्मिला गुप्ता को गिरफ्तार किया था। उनके 81 वर्षीय पति और वायु सेना से सेवानिवृत्त हरिराम गुप्ता तथा 52 वर्षीय बेटे महेश गुप्ता को भी हिरासत में लिया गया है।

इसके अलावा इमारत के तलघर में मरम्मत का काम करा रहे ठेकेदार सोनाज को उत्तर प्रदेश के कासगंज से गिरफ्तार किया गया था। सुधांशु की गिरफ्तारी के साथ ही मामले में गिरफ्तार किए गए लोगों की संख्या पांच हो गई है।
हादसे के बाद दिल्ली में PG और इमारतों का सर्वे

सत्य निकेतन हादसे के बाद दिल्ली सरकार ने कार्रवाई तेज कर दी है। हादसे वाली इमारत के पास मौजूद बगल की बिल्डिंग को भी तोड़कर गिराने की कार्रवाई की जा रही है। इसके साथ ही दिल्ली में संचालित PG का सर्वे शुरू किया गया है।

सरकार के निर्देश पर एक ही दिन में सैकड़ों PG तक टीमें पहुंचीं और वहां की स्थिति का जायजा लिया। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के आदेश पर MCD के पांच अधिकारियों को निलंबित किया गया है। इसके अलावा अवैध इमारतों के खिलाफ बुलडोजर कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं।

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