छत्तीसगढ़ के सिंगीतराई स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुआ भीषण हादसा पूरे देश को झकझोर कर रख देने वाला साबित हुआ है। मंगलवार को हुए बॉयलर ट्यूब ब्लास्ट में कई मजदूरों की जान चली गई, जिससे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। इस दर्दनाक घटना के बाद वेदांता ग्रुप के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने खुद सामने आकर गहरी संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने सोशल मीडिया पर भावुक संदेश साझा करते हुए कहा कि इस हादसे से प्रभावित हर व्यक्ति उनके लिए परिवार जैसा है और वे इस मुश्किल घड़ी में पूरी तरह पीड़ितों के साथ खड़े हैं।
हादसे की जानकारी मिलते ही अनिल अग्रवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ (पूर्व ट्विटर) पर अपना दुख व्यक्त किया। उन्होंने लिखा, “छत्तीसगढ़ के सिंगीतराई प्लांट में हुआ हादसा बेहद पीड़ादायक है। इससे प्रभावित हर व्यक्ति मेरा अपना है। आपका दर्द मेरा दर्द है और आपके आंसू मेरे हैं। इस कठिन समय में हम पूरी तरह आपके साथ हैं और हर संभव सहायता दी जाएगी।” उनके इस संदेश से साफ है कि कंपनी नेतृत्व इस त्रासदी से गहरे तौर पर प्रभावित हुआ है और पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा है।
केवल संवेदना ही नहीं, बल्कि अनिल अग्रवाल ने इस घटना को लेकर कड़ी और पारदर्शी जांच का भरोसा भी दिलाया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि हादसे के कारणों की तह तक जाने के लिए विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है। कंपनी की ओर से इंटरनल इन्वेस्टिगेशन भी शुरू किया गया है ताकि किसी भी तरह की लापरवाही या तकनीकी खामी का पता लगाया जा सके। उन्होंने कहा कि जांच प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता रखी जाएगी और सच्चाई सामने लाने के लिए किसी भी स्तर पर ढिलाई नहीं बरती जाएगी। साथ ही उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि प्रभावित परिवारों को हर आवश्यक मदद उपलब्ध कराई जाएगी।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, मंगलवार दोपहर सिंगीतराई गांव स्थित वेदांता लिमिटेड के पावर प्लांट में बॉयलर ट्यूब में अचानक जोरदार विस्फोट हुआ। यह धमाका इतना तेज था कि मौके पर ही चार मजदूरों की मौत हो गई, जबकि अन्य गंभीर रूप से घायल मजदूरों ने अस्पताल ले जाते समय या उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस के शुरुआती आकलन के मुताबिक इस हादसे में अब तक 11 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 22 से अधिक लोग घायल हैं और उनका इलाज रायगढ़ के अस्पताल में जारी है।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने भी इस घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस दुख की घड़ी में पीड़ित परिवारों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। मुख्यमंत्री ने घोषणा की है कि मृतक श्रमिकों के परिजनों को 5 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं और साफ कहा है कि हादसे के लिए जो भी जिम्मेदार पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।