बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव से पहले बिहार की राजनीति में हलचल लगातार तेज होती जा रही है। एक ओर जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर चुनाव प्रचार में पूरी ताकत झोंक रहे हैं, वहीं दूसरी ओर उनकी पार्टी को लगातार बड़े राजनीतिक झटके लग रहे हैं। जन सुराज के कई नेता और कार्यकर्ता पार्टी का साथ छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का दामन थाम रहे हैं। गुरुवार को चर्चित फिल्म निर्देशक और व्यवसायी चेतना झांब भी भाजपा में शामिल हो गईं। इससे पहले पार्टी के वरिष्ठ नेता और प्रसिद्ध गणितज्ञ केसी सिन्हा भी भाजपा में शामिल हो चुके हैं।
पटना स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित सदस्यता कार्यक्रम के दौरान प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने चेतना झांब समेत जन सुराज के कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को पार्टी की सदस्यता दिलाई। इस दौरान विकासशील इंसान पार्टी (VIP) के भी कई नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। लगातार हो रही इन राजनीतिक एंट्रियों को बांकीपुर उपचुनाव से पहले भाजपा की बड़ी रणनीतिक सफलता के रूप में देखा जा रहा है।
उपचुनाव से पहले तेज हुई राजनीतिक हलचलबांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए 30 जुलाई को मतदान होना है। मतदान की तारीख नजदीक आते ही सभी प्रमुख राजनीतिक दल चुनाव प्रचार में पूरी ताकत लगा रहे हैं। प्रशांत किशोर भी लगातार क्षेत्र में जनसंपर्क अभियान चला रहे हैं और मतदाताओं तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि इसी दौरान उनकी पार्टी के कई प्रमुख चेहरे विरोधी दलों का रुख कर रहे हैं, जिससे जन सुराज के संगठन पर सवाल उठने लगे हैं।
गुरुवार को भाजपा में शामिल हुईं चेतना झांब लंबे समय से जन सुराज से जुड़ी रही हैं। वर्ष 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में पार्टी से टिकट नहीं मिलने के बाद उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ा था, लेकिन उस समय उन्होंने जन सुराज से दूरी नहीं बनाई थी। अब उनका भाजपा में शामिल होना राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है। इसी कार्यक्रम में विकासशील इंसान पार्टी (VIP) के नेता आनंद मधुकर यादव ने भी भाजपा की सदस्यता ली।
पहले भी लग चुका है बड़ा झटका
इससे एक दिन पहले यानी बुधवार को जन सुराज को उस समय बड़ा झटका लगा था, जब प्रसिद्ध गणितज्ञ केसी सिन्हा और पार्टी नेता बिट्टू सिंह ने भाजपा का दामन थाम लिया। दोनों नेताओं ने भाजपा में शामिल होने के साथ ही जन सुराज की कार्यशैली और नेतृत्व पर सवाल भी उठाए।
गौरतलब है कि 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में जन सुराज ने केसी सिन्हा को कुम्हरार विधानसभा सीट से और बिट्टू सिंह को दीघा विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाया था। भाजपा में शामिल होने के बाद केसी सिन्हा ने कहा कि जन सुराज की कोई स्पष्ट विचारधारा नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि राजनीति में समय के साथ चलना जरूरी होता है, उसके विपरीत नहीं। वहीं बिट्टू सिंह ने साफ शब्दों में कहा कि अब वह भविष्य में भाजपा छोड़कर किसी अन्य दल में जाने की कोई संभावना नहीं देखते।
लगातार हो रहे इन इस्तीफों और दलबदल के बीच बांकीपुर उपचुनाव से पहले प्रशांत किशोर और जन सुराज के सामने संगठन को मजबूत बनाए रखने की चुनौती और भी बढ़ती दिखाई दे रही है।