महागठबंधन में शामिल होना चाहती है AIMIM, ओवैसी की पार्टी ने लालू यादव को लिखी चिट्ठी

बिहार की राजनीति में इन दिनों एक नई हलचल देखने को मिल रही है, जहां असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM ने महागठबंधन में शामिल होने की इच्छा जाहिर की है। खास बात यह है कि इस सिलसिले में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अख्तरुल ईमान ने खुद आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव को एक संवेदनशील और उम्मीद से भरा पत्र लिखा है। उन्होंने इस पत्र में महागठबंधन में AIMIM को शामिल करने का आग्रह किया है, ताकि आगामी चुनावों में सेक्युलर ताकतें एकजुट होकर मज़बूती से मुकाबला कर सकें।

इस पत्र में अख्तरुल ईमान ने साफ तौर पर लिखा है कि, आप भली-भांति जानते हैं कि 2015 से ही AIMIM बिहार की राजनीति में सक्रिय रूप से भाग ले रही है। हमारी हमेशा से यह कोशिश रही है कि चुनाव के समय सेक्युलर वोटों का बिखराव ना हो। यह भी सच है कि जब ये वोट बंटते हैं तो उसका सीधा फायदा सांप्रदायिक ताकतों को मिलता है, जो हमें कमजोर करता है और समाज को बांटने का रास्ता बनाता है।

‘AIMIM पार्टी को महागठबंधन में शामिल किया जाए’

भावनात्मक अंदाज में लिखे गए इस पत्र में अख्तरुल ईमान ने आगे कहा कि, हमने बीते विधानसभा और लोकसभा चुनावों के वक्त भी महागठबंधन में शामिल होने की इच्छा जताई थी, लेकिन दुर्भाग्यवश हमारा प्रयास सफल नहीं हो सका। अब जब 2025 के विधानसभा चुनाव सामने हैं, तो हम फिर एक बार पूरे मन और नीयत से यही इच्छा व्यक्त कर रहे हैं कि AIMIM को महागठबंधन में जगह दी जाए, ताकि हम एक साथ साम्प्रदायिक ताकतों को रोक सकें।

‘बिहार की अगली सरकार महागठबंधन की ही बनेगी’

अपने विश्वास को दोहराते हुए ईमान ने लिखा, “मैंने इस संबंध में महागठबंधन की अन्य प्रमुख पार्टियों – राजद, कांग्रेस और वाम दलों के कई वरिष्ठ नेताओं से व्यक्तिगत और टेलीफोनिक बातचीत भी की है। इस बात की चर्चा मीडिया में भी हो रही है। अगर हम सब एकजुट होकर आगामी विधानसभा चुनाव लड़ते हैं, तो यकीन मानिए हम सेक्युलर वोटों के बिखराव को रोकने में जरूर सफल होंगे। और मुझे पूरा विश्वास है कि बिहार की अगली सरकार महागठबंधन की ही होगी।”