शपथग्रहण के बाद मोदी सरकार पूरे एक्शन में आ गई है और मोदी कैबिनेट ने देश के किसानों के हित में बड़ा फैसला लिया है। कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा, प्रधानमंत्री किसानों की बहुत चिंता करते हैं। कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने बताया कि मोदी सरकार देश के किसानों के हित के लिए प्रतिबद्ध है और देश के किसानों के लिए मोदी कैबिनेट ने बड़ा फैसला लिया है अब पीएम किसान सम्मान योजना का दायरा बढ़ा दिया है। यानि देश के सभी किसानों को अब योजना का लाभ मिलेगा।
सरकार ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री किसान योजना का दायरा बढ़ाते हुए इसके तहत सभी किसानों को 6,000 रुपये सालाना देने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। आम चुनावों के अपने घोषणापत्र में भाजपा ने सभी किसानों को इस योजना के दायरे में लाने का वादा किया था।
बताया जा रहा है कि पहले 12.5 करोड़ किसान दायरे में थे लेकिन अब देश के 14.5 करोड़ किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना का लाभी मिलेगा. इससे सरकारी खजाने पर 87,000 करोड़ रुपये सालाना बोझ पड़ेगा। वित्त वर्ष 2019-20 के अंतरिम बजट में 75,000 करोड़ रुपये की प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की घोषणा की गई थी। इसके तहत सरकार ने दो हैक्टयर तक की जोत वाले करीब 12 करोड़ छोटे और सीमांत किसानों को 6,000 रुपये सालाना तीन किस्तों में देने की घोषणा की थी। आधिकारिक आंकड़े के मुताबिक प्रधानमंत्री किसान योजना के तहत अब तक 3.11 करोड़ छोटे किसान 2000 रुपये की पहली किस्त हासिल कर चुके हैं। वहीं 2.75 करोड़ किसानों को दूसरी किस्त मिल चुकी है।
किसानों को मिलेगी पेंशन- किसानों को लेकर मोदी कैबिनेट में एक और बड़ा फ़ैसला भी किया गया है जिसके तहत किसानों को पेंशन मिलेगी।
- 18 से 40 साल तक के किसान इसके लिए योग्य होंगे। 60 साल से ऊपर के किसानों को पेंशन मिलेगी। सभी किसानों को इसका फ़ायदा मिलेगा।
- 60 साल होने के बाद किसानों को 3000 रुपया मासिक पेंशन मिलेगा।
- 18 साल से 40 साल तक के किसान अपना अंशदान देंगे। उतना ही अंशदान सरकार अपनी तरफ से करेगी। इन फैसलों को मोदी सरकार के बड़े कदम के तौर पर देखा जा रहा है।
- आज गिरिराज सिंह जो मंत्रिमंडल में पशुपालन, दुग्ध एवं मत्स्य पालन मंत्री बनाए गए हैं ने इसका संकेत दिया था। उन्होंने कहा था कि मोदी सरकार किसानों की आय दोगुना करने की योजना पर काम कर रही है।