धाेद थानाधिकारी अमित नागाैरा ने बताया कि पूछताछ में आराेपी जितेंद्र सिंह उर्फ जीतू ने कबूला है कि लॉकडाउन के दौरान जुलाई 2020 में डीडवाना में ओम बन्ना हाेटल पर उसके मालिक पर फायरिंग करने के लिए पिस्टल वह एमपी से खरीद कर लाया था। पांच हजार के इनामी बदमाश जितेंद्र सिंह ने पिस्टल और कारतूस ने एमपी से मात्र 25 हजार रुपए में खरीदे थे। पुलिस आराेपी काे हथियार उपलब्ध कराने वाले शख्स और बाकी साथियाें के बारे में पूछताछ कर रही है।
यहां फायरिंग करने के बाद वह फरारी काटने के लिए जैसलमेर चला गया था। इसके बाद हिमाचल चला गया। यहां कुल्लु-मनाली में उसने फरारी काटी। इसके लिए खर्चा-पानी की व्यवस्था उसके साथियाें ने मिलकर की थी। लेकिन, छुपते-छुपाते वह जब गांव घरवालाें से मिलने आया ताे पकड़ा गया। आराेपी आठ फरवरी तक रिमांड पर है।