कोरोना वायरस : साध्वी प्राची बोलीं- अगर मंदिर बंद किए है तो मस्जिद और 5 वक्त की नमाज पर भी लगे रोक

विवादित बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहने वाली हिंदूवादी नेता साध्वी प्राची ने एक बार फिर विवादित बयां दिया है। इस बार उन्होंने कोरोना वायरस (Coronavirus) को लेकर आपत्तिजनक बात कही है। साध्वी ने कहा कि कोरोना के डर से अगर मंदिर बंद हो सकते हैं तो मस्जिदों को भी बंद कर देना चाहिए। इतना ही साध्वी ने यह भी कहा कि देश में कोरोना वायरस के फैलने के पीछे कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी को जिम्मेदार है।

बरेली में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि यह बात सच है कि कोरोना के डर से वैष्णो देवी और सिद्धिविनायक मंदिर बंद हो गए हैं। इसके अलावा और भी मंदिर बंद हैं, क्योंकि हिंदुस्तान का हिंदू बहुत सेंसेटिव है। मैं सरकार से निवेदन करना चाहूंगी कि अगर देश में मंदिर बंद हो सकते हैं तो धर्म और जाति से ऊपर उठकर सरकार को जामा मस्जिद और अन्य मस्जिदों और मदरसों को बंद करना चाहिए। पांच वक्त की नमाज भी बंद होनी चाहिए, क्योंकि कोरोना वहां भी जाएगा। मंदिर में जाएगा तो मस्जिद में भी जाएगा। इसलिए पांच वक्त की नमाज बंद होनी चाहिए। साध्वी प्राची ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से खासतौर पर अपील किया कि वह यूपी में मस्जिदों को तुरंत बंद करवाएं, क्योंकि कोरोना मस्जिदों तक पहुंच रहा है।
'राहुल इटली से लाए कोरोना'

साध्वी प्राची यहीं नहीं रुकीं। उन्होंने कहा देश में कोरोना वायरस केवल पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी की वजह से फैल रहा है। उन्होंने कहा कि इटली से लौटे राहुल गांधी ने देश में कोरोना फैलाया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को कोरोना पर बोलने का अधिकार नहीं है। उन्हें खिलौनों पर बोलना चाहिए।बता दे, भारत में कोरोना संक्रमितों की संख्या 123 पहुंच गई है। इनमें से 13 लोग ठीक होकर अपने घर पहुंच गए है। महाराष्ट्र में अब तक सबसे ज्यादा 39 केस सामने आए हैं, इनमें एक चौंकाने वाला मामला सोमवार को आया है। तीन साल की एक बच्ची का कोरोना टेस्ट भी पॉजिटिव पाया गया है। बच्ची के माता-पिता भी कोरोना संक्रमित हैं। देश में कोरोना वायरस का संक्रमण लगातार फैल रहा है, जिसे रोकने के लिए एहतियात के तौर पर उठाए गए कदम के तहत लोगों को बड़ी संख्या में किसी भी स्थान पर एकत्रित होने से बचने की हिदायत दी गई है। दिल्ली में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्वास्थ्य मंत्रालय संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने बताया कि ईरान से 53 और भारतीयों का चौथा जत्था स्वदेश पहुंच चुका है। सभी को क्वारंटाइन के लिए प्रोटोकॉल के तहत जैसलमेर में विशेष निगरानी में रखा गया है। इनके संपर्क में आने वाले 5,200 से अधिक लोगों की पहचान की गई है, जिन्हें निगरानी में रखा गया है। अभी तक कोरोना से संक्रमित 13 मरीज ठीक हो चुके हैं, वहीं इससे दो की मौत हुई है।