कोरोना इलाज के नियमों में हुए बड़े बदलाव, अब इन शर्तों पर ही मिलेगी अस्‍पताल से छुट्टी

भारत में पिछले 24 घंटों में कोविड-19 के 3345 नए मामले सामने आए हैं। इस दौरान 95 लोगों की मौत हुई है। भारत में कोरोना वायरस के ऐक्टिव केसेज की संख्‍या 39,834 है। केंद्रीय स्‍वास्‍थ्‍य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय (MoHFW) ने कोरोना वायरस संक्रमित मरीजों को रिकवर होने के बाद डिस्‍चार्ज करने की पॉलिसी में शनिवार को थोड़ा बदलाव किया है।

यह हुए बदलाव

- नए बदलावों के तहत हल्‍के केसेज में डिस्‍चार्ज हो रहे मरीज की टेस्टिंग को खत्म कर दिया है। डिस्‍चार्ज होने के बाद, पेशेंट को अब 14 दिन की बजाय 7 दिन होम आइसोलेशन में रहना होगा। पेशेंट में कोई लक्षण ना दिखने और हालात सामान्‍य लगने पर 10 दिन में भी अस्‍पताल से छुट्टी दी जा सकती है। वहीं, 14वें दिन टेली-कॉन्‍फ्रेंस के जरिए मरीज का फॉलो-अप किया जाएगा।

- ऐसे मरीज जिनमें कोरोना के लक्षण नहीं/बहुत हल्‍के हैं, उन्‍हें कोविड केयर फैसिलिटी में रखा जाएगा। जहां उन्‍हें रेगुलर टेम्‍प्रेचर चेक और पल्‍स ऑक्सिमेट्री मॉनिटरिंग से गुजरना होगा। अगर 3 दिन तक बुखार ना आया हो तो मरीज को 10 दिन के बाद अस्पताल से डिस्‍चार्ज किया जा सकता है। उससे पहले टेस्टिंग की जरूरत नहीं होगा।

- डिस्‍चार्ज के वक्‍त मरीज को 7 दिन तक होम आइसोलेशन (Home Isolation) में रहने को कहा जाएगा। पहले यह 14 दिन तक था। डिस्‍चार्ज से पहले, अगर कभी भी ऑक्‍सीजन सैचुरेशन 95% से नीचे जाता है तो मरीज को डेडिकेटेड कोविड हेल्‍थ सेंटर (CDC) ले जाया जाएगा।
- थोड़े गंभीर लक्षण वाले मरीजों को डेडिकेटेड कोविड हेल्‍थ सेंटर में ऑक्‍सीजन बेड्स पर रखा जाएगा। उन्हें बॉडी टेम्‍प्रेचर और ऑक्‍सीजन सैचुरेशन चेक्‍स से गुजरना होगा। अगर बुखार 3 दिन में उतर जाता है और मरीज का अगले 4 दिन तक सैचुरेशन लेवल 95% से ज्‍यादा रहता है तो मरीज को 10 दिन के बाद छोड़ा जा सकता है। मगर बुखार, सांस लेने में तकलीफ और ऑक्‍सीजन की जरूरत नहीं होनी चाहिए। ऐसे मरीजों को डिस्‍चार्ज से पहले टेस्टिंग से नहीं गुजरना होगा।

- ऐसे मरीज जो ऑक्‍सीजन सपोर्ट पर हैं, उन्‍हें क्लिनिकल सिम्‍प्‍टम्‍स दूर होने के बाद ही डिस्‍चार्ज किया जाएगा। लगातार 3 दिन तक ऑक्‍सीजन सैचुरेशन मेंटेन रखने वाले मरीज ही डिस्‍चार्ज होंगे। इसके अलावा HIV पेशेंट्स और अन्‍य गंभीर बीमारियों वाले पेशेंट्स को क्लिनिकल रिकवरी और RT-PCR टेस्‍ट में नेगेटिव आने के बाद ही डिस्‍चार्ज किया जाएगा।

- मरीज को छुट्टी मिलने के बाद 7 दिन तक होम आइसोलेशन में रहना होगा। अगर बुखार, कफ या सांस लेने में तकलीफ जैसे लक्षण होम आइसोलेशन के दौरान दिखते है तो उस केस में मरीज को तुरंत प्रभाव से कोविड केयर सेंटर या स्‍टेट हेल्‍पलाइन या फिर 1075 पर संपर्क करना होगा।बता दे, भारत में 59 हजार 695 कोरोना संक्रमित हैं। शुक्रवार को 3345 मरीजों की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई। एक दिन पहले इतने 3344 संक्रमित मिले थे। शुक्रवार को महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा 1089 केस आए। इसके बाद तमिलनाडु में 600, गुजरात में 390, दिल्ली में 338, राजस्थान में 152, उत्तरप्रदेश में 143, मध्यप्रदेश में 89 समेत 3291 रिपोर्ट पॉजिटिव आईं। कोरोनावायरस का संक्रमण देश के 26 राज्यों में फैला है। 7 केंद्र शासित प्रदेश भी इसकी चपेट में हैं। इनमें दिल्ली, चंडीगढ़, अंडमान-निकोबार, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, पुडुचेरी और दादर एंड नगर हवेली शामिल हैं।